
फिरोजाबाद। जिले में स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत गांव-गांव में सरकार द्वारा शौचालय बनवाए जाने हैं। खातों में पैसा तो है, लेकिन धरातल पर शौचालय नहीं। इसकी वजह है कि ग्राम पंचायत के खातों से लाभार्थियों को रुपया ट्रांसफर नहीं किया जा रहा है। इसकी वजह से शौचालय के निर्माण कार्यों की गति सुस्त पड़ी हुई है। इसी के चलते बुधवार को डीएम नेहा शर्मा ने ग्राम प्रधानों व पंचायत सचिवों की बैठक ली। जिसमें बाकी धनराशि के माध्यम से स्कूल टायल्स, शौचालय निर्माण एवं आंगनबाड़ी केंद्रों को मॉडर्न स्कूल के रूप में स्थापित कराने के निर्देश दिए।
प्रधानों व सचिवों की ली बैठक
जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने विकास खंड अरांव, एका, फिरोजाबाद, हाथवंत, जसराना, नारखी, शिकोहाबाद और टूण्डला व मदनपुर से जुड़ी करीब दो दर्जन ग्राम प्रधानों व पंचायत सचिवों की बैठक ली। इन ग्राम पंचायतों में राज्य वित्त एवं 14 वित्त आयोग के माध्यम से प्राप्त लगभग बीस लाख रुपए अथवा उससे अधिक धनराशि अवशेष है। विकास कार्यां के लिए जारी की गई वो धनराशि ग्राम पंचायत के खातों में पड़ी है। डीएम ने सभी को अवशेष राशि से जरूरी विकास कार्यों को पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
ये भी पढ़ें- मरने के बाद जिंदा हुआ ज्ञान सिंह, बताया कि स्वर्ग के द्वार से उसे क्यों जमींन पर भेजा वापस, देखें वीडियो
जिलाधिकारी ने कसे पेच
डीएम नेहा शर्मा ने साफ किया कि अवशेष राशि से सबसे पहले परिषदीय स्कूलों के शिक्षण कक्षों व शौचालयों में टायल्स लगाने, आंगनबाड़ी केंद्रों को माडर्न स्कूल के रूप में विकसित करने के अतिरिक्त शेष धनराशि से गांव की गंदगी, खरंजा के अतिरिक्त गंदे पानी की निकासी के लिए नाले नालियों का निर्माण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दृढ़ इच्छा शक्ति के साथ काम करने पर ही विकास कार्यों से जुड़ी योजनाएं फलीभूत होगी। बैठक में सीडीओ डॉक्टर अशोक कुमार व डीपीआरओ गिरीश चंद्र मौजूद रहे।
Updated on:
8 Feb 2018, 2:02 PM IST
Published on:
8 Feb 2018, 1:21 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.