गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा खाली की गई सदर संसदीय सीट पर हो रहे उपचुनाव के लिए कल खत्म नामांकन के बाद बुधवार को नामांकन पत्रों की जांच होगी। नामांकन पत्र में सभी तथ्य सही और कागजाता दुरूस्त पाए जाने पर प्रत्याशिता को वैध घोषित किया जाएगा। अंतिम दिन तक 17 प्रत्याशियों ने पर्चा भरा था। इसमें भाजपा प्रत्याशी उपेंद्र दत्त शुक्ल, कांग्रेस प्रत्याशी डॉ.सुरहिता करीम के अलावा निषाद दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ.संजय निषाद की पत्नी मालती देवी, समाजवादी पार्टी के पूर्व पदाधिकारी राम नगीना साहनी प्रमुख हैं। तीन प्रत्याशी पहले परचा भरेे थे बाकियों ने अंतिम दिन पर्चे दाखिल किए।
मंगलवार को परचा दाखिला का अंतिम दिन था। एक सप्ताह तक चले नामांकन प्रक्रिया के दौरान 46 संभावित दावेदारों ने पर्चे लिए थे। सोमवार तक परचा लेने का क्रम तो जारी था लेकिन नामांकन केवल तीन हो पाया था। सबसे पहला नामांकन सर्वोदय भारत पार्टी से पूर्व प्रधान आयकर आयुक्त गिरीश नारायण पांडेय ने दाखिल किया था। लेकिन सभी प्रमुख दलों द्वारा टिकट बंटवारे में देरी की वजह से किसी का पर्चा दाखिला नहीं हो रहा था। पर्चा भरने के दो दिन शेष बचने पर कांग्रेस, भाजपा और सपा ने एक एककर अपने पत्ते खोले।
सोमवार को समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी संतोष उर्फ प्रवीण निषाद ने परचा भरा। सपा प्रत्याशी निषाद दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ.संजय निषाद के पुत्र हैं। पीस पार्टी का भी सपा प्रत्याशी को समर्थन प्राप्त है।
मंगलवार को अंतिम दिन नामांकन करने वालों की भीड़ उमड़ी। कलेक्ट्रट में हो रहे नामांकन के लिए भारी फोर्स की पहले से व्यवस्था थी। भीड़ को अंदर आने से रोकने के लिए केवल प्रत्याशी और उनके प्रस्तावक-समर्थक को ही अंदर इंट्री दी जा रही थी।
रिटर्निंग अधिकारी द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक अंतिम दिन कुल 17 प्रत्याशियों ने पर्चा भरा था।