
कई राज्यों की पुलिस तलाश रही थी इन महिला डकैतोंं को, ये बेच रही थी दर्द ए दिल की दवा
नोएडा. पुलिस के हाथ उस समय बड़ी कामयाबी लगी, जब ऑपरेशन ब्लैक आई के तहत चलाये जा रहे अभियान के तहत यूपी, उत्तराखंड, हरियाणा, दिल्ली एनसीआर समेत कई राज्यों में लूट और डकैती की 40 से अधिक वारदातों को अंजाम देने वाले बहेलिया गिरोह के 5 डकैतों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। पकडे गए बदमाशों के कब्जे से 06 लाख रुपये की नगदी, एक कार और हथियार बरामद किए हैं। इस गिरोह के लिए काम करने वाली महिलाएं टारगेट की रेकी करती थीं और फिर रात के वक़्त पुरुष सदस्य डकैती या लूट की घटनाओं को अंजाम देते थे। पुलिस ने डकैतों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
इस गिरोह की महिलाएं रेकी के साथ दवाएं बेचने का भी कार्य करती थी। ये ही दवा बेचने के लिए ग्राहकों और डकैती डालने के लिए टारगेट करती थी। कई राज्यों की पुलिस को इनकी काफी समय से तलाश थी, लेकिन ये पुलिस को चकमा दे रहे थे। फिलहाल पुलिस महिला डकैतों को हिरासत में लेकर पूछताछ करने में जुटी है।
एसएसपी डॉक्टर अजयपाल शर्मा ने बताया की पुलिस मुखबिर की सूचना मिली थी कि बावरिया गिरोह के कुछ बदमाश नोएडा में किसी वारदात को अंजाम देने की फ़िराक में हैं। वे कुछ देर में सेक्टर-18 के अंडरपास से गुजर सकते हैं। इस सूचना पर पुलिस ने जाल फैलाकर चेकिंग शुरू की। कुछ ही देर में पुलिस को एक कार आती दिखाई दी। पुलिस ने जब कार को रोकने का इशारा किया तो डकैतों ने पुलिस पार्टी पर फायरिंग करनी शुरू कर दी। बाद में पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए डकैतों को सेक्टर-27 के कैम्ब्रिज स्कूल के पास घेराबंदी कर पकड़ लिया। एसएसपी ने बताया कि पकड़े गए श्याम सिंह, परवीन, कल्याण सिंह, ऋषिपाल और सत्ते की बहेलिया जाति से ताल्लुक रखते हैं। ये बावरिया गिरोह की तर्ज पर लूट और डकैती की घटनाओं को अंजाम देते हैं।
कई राज्यों की पुलिस को थी इन डकैतों की तलाश
एसएसपी ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त शातिर किस्म के अपराधी है। ये दिल्ली एनसीआर समेत उत्तराखंड, हरियाणा, मध्यप्रदेश आदि में डकैती व लूट की 40 से अधिक वारदातों को अंजाम दे चुके है। उन्होंने बताया कि अभी तक जांच में सामने आया है कि इन डकैतों पर यूपी और उत्तरखंड के विभिन्न थानों में 16 मुकदमें दर्ज हैं। हालांकि मुरादाबाद, बिजनौर, अमरोहा, हरिद्वार, गाजियाबाद और गौतमबुद्ध नगर में 20 से अधिक वारदातों को अंजाम देना कबूल किया है। अभी इनके आपराधिक इतिहास के बारे में और जानकारी जुटाई जा रही है।
बेचते थे दवाएं
एसएसपी डॉक्टर आजयपाल शर्मा ने बताया कि सड़क किनारे सुनसान एरिया में टेंट लगाकर ये देशी दवाएं बेचा करते है। ये हार्ट, लीवर, किड़नी, गुप्त रोग आदि की देते थे। दवा बेचने का काम इनका सिर्फ दिखावा होता है। इस गिरोह की महिलाएं दिन में रेकी किया करती थी। रात के समय इस गिरोह के डकैत डकैती डाला करते थे। एसएसपी ने बताया कि उन्होंने बताया कि इन बदमाशों को गिरफ्तार करने वाली टीम को 20 हजार का इनाम दिया जाएगा।
इन घटनाओं को दिया अंजाम
पकड़े गए बदमाशों ने 4 अप्रैल को सेक्टर-18 में आईसीआईसीआई बैंक के बाहर एक युवक से 8 लाख 20 हजार रुपये लूट लिए थे। आरोपी लूट और छिनैती की थाना सेक्टर-20 क्षेत्र में 11 और सेक्टर-24 थाना क्षेत्र में 3 घटनाएं कर चुके हैं। आरोपी लूटे गए माल को दिल्ली में बेच दिया करते थे। ये डकैती डालने के दौरान बच्चों को गन प्वाइंट पर ले लिया करते थे। जान से मारने की धमकी देकर डकैती डालकर फरार हो जाते थे। घटना को अंजाम देने के बाद यह गिरोह जिला भी छोड़ दिया करता था। इन्होंने 8 सितंबर को हरिद्धार के माजरी गांव और 15 सितंबर को कनखल में डकैती की घटना को अंजाम दिया था।
Updated on:
21 Sept 2018 09:50 am
Published on:
21 Sept 2018 09:50 am
