पुलिस ने पड़ताल में पता लगाया कि, जैल में सजा काटने के दौरान अलमक्की का याराना गुना का रहने वाला इदरीस से काफी जोरदार था। इसी दोस्त की सहायता से अलमक्की देश से भागने की प्लानिंग कर रहा था। पुलिस के चंगुल से भागने के बाद पुलिस जांच में उसकी मोबाइल कॉल डीटेल और फेसबुक फ्रेंड की सूची की जांची गई, जिसमें मक्की की ज्यातर लोकेशन गुना में देखी गई। यह वही जगह है, जहां घुसपैठिये का जेल बना पक्का दोस्त इदरीस रहता है। जेल पूछकाछ और फेसबुक से गूगल लोकेशन के आधार पर पुलिस ने इदरीस को भी पकड़ लिया। इसके अलावा, घुसपैठिया अलमक्की एक महिला के भी संपर्क में था, पुलिस ने इस लिंक को भी आधार बनाकर उस तक पहुंच बनाई।