
प्रधानमंत्री आवास योजना फ्लैट, प्रतिकात्मक फोटो (Photo Source- magnific)
Gwalior news:एमपी के ग्वालियर शहर में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बनाए गए आवासों में घर मिलने के बाद परिवारों को राहत की उम्मीद थी, लेकिन अब कई रहवासी मूलभूत सुविधाओं के लिए जूझ रहे हैं। कहीं पानी की परेशानी है, तो कहीं सीवर लाइन जाम होने से गंदा पानी फैल रहा है। कई जगह लिफ्ट बंद पड़ी रहती है, स्ट्रीट लाइट खराब होने से रात में परिसर अंधेरे में डूबा रहता है। सबसे बड़ी परेशानी यह है कि शिकायत करने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो पाता।
कभी जिम्मेदार मौके पर पहुंचते हैं तो कभी शिकायत के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं होती। रहवासियों का कहना है कि आवास मिलने के बाद सबसे ज्यादा परेशानी इनके रखरखाव को लेकर सामने आ रही है। बिल्डिंग और परिसर की नियमित सफाई, सीवर की समस्या, पानी की व्यवस्था और लिफ्ट के संचालन जैसे कामों को लेकर लगातार शिकायतें करनी पड़ रही हैं। कई बार स्थानीय स्तर पर शिकायत करने के बाद भी समस्या बनी रहती है। इसके कारण रहवासियों को खुद ही व्यवस्था संभालने की कोशिश करनी पड़ती है।
रहवासियों की मांग है कि पीएम आवास परिसरों के मेंटेनेंस की स्पष्ट जिम्मेदारी तय की जाए। पानी, सीवर, लिफ्ट, स्ट्रीट लाइट और सफाई जैसी मूलभूत सुविधाओं की नियमित मॉनिटरिंग हो। शिकायत दर्ज होने के बाद उसके निराकरण की समय-सीमा भी तय की जाए, ताकि लोगों को एक ही समस्या के लिए बार-बार अधिकारियों के चक्कर न लगाने पड़े।
पीएम आवास परिसरों में सीवर की समस्या भी लगातार बनी हुई है। सीवर लाइन चोक होने पर गंदा पानी बाहर निकलकर रास्तों और खाली जगहों में जमा हो जाता है। इससे दुर्गंध के साथ मच्छरों की समस्या भी बढ़ती है। रहवासियों का कहना है कि सीवर की सफाई के लिए शिकायत करने के बाद टीम पहुंचती है, लेकिन स्थायी समाधान नहीं होने से कुछ समय बाद स्थिति फिर जस की तस हो जाती है।
बहुमंजिला पीएम आवासों में लिफ्ट का बंद होना भी बड़ी समस्या है। लिफ्ट खराब होने पर ऊपरी मंजिलों पर रहने वाले बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को सीढियों का सहारा लेना पड़ता है। रहवासियों का कहना है कि लिफ्ट के नियमित मेंटेनेंस की व्यवस्था होनी चाहिए, ताकि बार-बार खराब होने की स्थिति न बने।
परिसर की कई स्ट्रीट लाइट खराब होने से रात के समय रास्तों पर अंधेरा रहता है। इससे लोगों को आने-जाने में परेशानी होती है। खासकर महिलाओं और बच्चों को शाम के बाद आवाजाही में असुविधा होती है। रहवासियों का कहना है कि बिजली और स्ट्रीट लाइट से जुड़ी शिकायतों का भी समय पर निराकरण नहीं हो पाता।
Updated on:
24 Sept 2026 10:30 am
Published on:
24 Sept 2026 10:30 am
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