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कचरे के डिब्बे में दो नवजात शव फैंक गई मां, कचरा निकालने आया सफाईकर्मी शवों की हालत देख रह गया दंग

-डस्टबिन में मिले जुड़वां नवजात के शव-पॉलीथिन में भरकर कचरे में डाल गई मां-सफाई कर्मी ने पॉलीथिन खोली तो रह गई हैरान-बाल विद्या मंदिर के पास नगर निगम के डस्टबिन में
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इंदौर

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Mohammad Faiz Mubarak

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Updated: 24 May 2022, 5:06 PM IST

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कचरे के डिब्बे में दो नवजात शव फैंक गई मां, कचरा निकालने आया सफाईकर्मी शवों की हालत देख रह गया दंग

इंदौर. मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में स्थित बाल विद्या मंदिर के पास नगर निगम के डस्टबिन में दो जुड़वां नवजातों के शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई है। मामले का खुलासा उस समय हुआ जब बीट का सफाईकर्मी सुबह अपने तय समय पर डस्टबिन खाली करने पहुंचा तो उसे शव पॉलीथिन में बंद मिले। शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है। चंदन नगर टीआई अभय नेमा के अनुसार, दोनों नवजात को योजनाबद्ध तरीके से लाकर यहां फेंका गया है। इसमें दो या तीन से ज्यादा लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।

आपको बता दें कि, रोजाना की तरह मंगलवार की सुबह भी नगर निगम की कचरा गाड़ी डस्टबिन से कचरा उठाने धार रोड पर पहुंची। इस दौरान निगमकर्मी को एक पॉलीथिन में कुछ भारीपन लगा। उसने खोल कर देखा तो वो हैरान रह गए। थैली में दो नवजात के शव भरे थे। सफाईकर्मी ने तत्काल ही नगर निगम के कंट्रोल रूम को इसकी सूचना दी। इसके बाद चंदन नगर पुलिस मौके पर पहुंची। नवजातों में एक लड़का और एक लड़की का शव था। पुलिस ने दोनों शवों को अस्पताल भेजा। पुलिस ने आशंका जताई है कि, रात के समय इन बच्चों को फेंका गया है। फिलहाल, पुलिस ने मामले की जांच शुरु करते हुए टिम्बर मार्केट और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरु कर दिए हैं।

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हर साल औसतन 50 से ज्यादा ऐसे मामले

एक अनुमान के मुताबिक हर साल इंदौर में ऐसे 40-50 मामले सामने आते हैं, जिनमें या तो नवजात को झाड़ियों, कचरे या सुनसान स्थान पर फैंक दिया जाता है। PCPNDT विभाग द्वारा हर सरकारी, प्राइवेट अस्पताल, सोनोग्राफी सेंटरों से नियमित रिपोर्ट मंगाने, मशीनों में ट्रेकर लगाने के साथ मॉनिटरिंग की जा रही है। इसके चलते अबॉर्शन के मामले लगभग बंद हो चुके हैं। सिर्फ खास ममलों में ही हाईकोर्ट के आदेश के बाद इसकी अनुमति मिलती है। लेकिन, जानकारों का कहना है कि, लिव इन के मामलों के चलते ऐसे मामले भी लगातार बढ़ रहे हैं।