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Lockdown खत्म होने के बाद भी खाली रह सकते हैं Shopping Malls

Local Circle Survey के अनुसार 4 फीसदी लोग मॉल जाने के इच्छुक देश के 200 से अधिक Districts में हुआ सर्वे, कई बातों का हुआ खुलासा

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Saurabh Sharma

May 03, 2020

Shopping mall

Shopping malls can remain empty even after the lockdown

नई दिल्ली। करीब 200 से अधिक जिलों के हजार से अधिक लोगों के बीच किए गए एक सर्वेक्षण में तीन-चौथाई या 78 फीसदी से अधिक लोग चाहते हैं कि सरकार आवश्यक वस्तुओं सहित सभी वस्तुओं को वितरित करने के लिए ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स ( E-commerce Platform ) को अनुमति दे। लोकल सर्किल सर्वे ( Local Circle Survey ) के अनुसार, उपभोक्ता चाहते हैं कि रेड जोन में भी ई-कॉमर्स गैर-आवश्यक वस्तुओं की डिलीवरी करें या फिर कोरोना वायरस लॉकडाउन ( Coronavirus Lockdown ) के दौरान आवश्यक वस्तुओं की सूची में बढ़ोत्तरी करें, ताकि वे अपनी जरूरत के सामान ले सकें।

सिर्फ 4 फीसदी ही मॉल्स जाएंगे
कंज्यूमर्स के अनुसार का कहना है कि वे लॉकडाउन के बाद स्थानीय दुकानों (दुकान में जाकर या घर पर डिलीवरी) और ई-कॉमर्स साइटों के माध्यम से ही जरूरत की वस्तुओं को खरीदना पसंद करेंगे, जबकि मात्र 4 फीसदी लोगों का कहना है कि वे खरीदारी के लिए मॉल जाएंगे। फीडबैक इस बात की ओर संकेत करता है कि उपभोक्ता दूसरी प्राथमिकता की वस्तुएं जल्द खरीदना चाहते हैं, जैसे ऑनलाइन कक्षाओं के लिए किताबें, स्टेशनरी, टैबलेट/लैपटॉप और वर्क फ्रॉम होम के लिए प्रिंटर, फोन एक्सेसरीज, बैटरी, कूलर, एयर कंडीशनर, आदि।

210 जिलों में किया गया सर्वे
लॉकडाउन के दौरान लोग आवश्यक वस्तुओं के अलावा दूसरी वरीयता वाले आवश्यक वस्तुओं की खरीदारी न कर पाने को लेकर चिंता जाहिर कर रहे हैं। वहीं इस अवधि में ऑनलाइन कक्षाओं में भाग लेने के खातिर बच्चों के लिए स्टेशनरी, प्रिंटर के सामान, बैटरी, किताबें आदि चीजें बुनियादी एवं आवश्यक हैं। लोकल सर्किल ने यह सर्वे इसलिए किया ताकि वे सरकार द्वारा लॉकडाउन हटाने के बाद लोगों द्वारा किस तरह से खरीदारी को प्राथमिकता दी जाएगी, यह जान पाए। इस सर्वेक्षण में भारत भर के 210 जिलों के 12,343 उपभोक्ताओं से 16,000 से अधिक वोट प्राप्त हुए।

इस तरह के पूछे गए सवाल
लोगों से पहला प्रश्न पूछा गया था कि अगर मई में लॉकडाउन में ढील दी जाती है, तो वे गैर-आवश्यक वस्तुओं की खरीद के लिए कहा जाएंगे। इस सवाल के जवाब में कुल 26 फीसदी लोगों ने कहा कि वे इसे ई-कॉमर्स साइट्स से खरीदेंगे, 41 फीसदी लोगों ने कहा कि वे स्थानीय रिटेल स्टोर्स/बाजारों में जाएंगे और 24 फीसदी लोगों ने कहा कि वे इसे स्थानीय रिटेल स्टोर्स से घर तक डिलीवरी के माध्यम से खरीदने की कोशिश करेंगे, जबकि मात्र चार फीसदी ने कहा कि वे मॉल में जाएंगे और अपनी जरूरत के सामान खरीदेंगे। सर्वे के अनुसार, यह स्पष्ट है कि लॉकडाउन में ढील होने के बाद भी उपभोक्ता कुछ समय के लिए खरीदारी करने के लिए भीड़-भाड़ वाले मॉल में नहीं जाएंगे और स्थानीय खुदरा स्टोर और ईकॉमर्स प्लेटफॉर्म के माध्यम से गैर-आवश्यक और आवश्यक सामान की खरीदारी करेंगे।