3 नवंबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

इन विधायकों पर भाजपा की नजर, मोदी-शाह का यह है खेल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

जबलपुर

•

image

deepak deewan

•

Updated: 20 Jun 2018, 9:06 AM IST

assembly election 2018

assembly election 2018

जबलपुर. मध्यप्रदेश में भाजपा की चुनावी तैयारियां अंदर ही अंदर तेजी से चल रहीं हैं। अमित शाह के हालिया दौरे के बाद विशेषकर महाकौशल क्षेत्र में भाजपा ज्यादा व्यस्त है। महाकौशल क्षेत्र में 8 जिले शामिल हैं। इन आठ जिलों में विधानसभा की कुल 38 सीटें हैं जिनमें अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लिए कुल मिलाकर 16 सीटें आरक्षित हैं। इन 16 सीटों पर भाजपा की नजर है, इनमें से ज्यादातर पर वह अपनी जीत चाहती है। अभी इनमें से कई सीटों पर कांग्रेस का कब्जा है, कांग्रेस के इन विधायकों के कार्यकाल के रिकार्ड भी खंगाले जा रहे हैं।


प्रधानमंत्री से लेकर भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष ने किए जमीनी दौरे
मंडला, डिंडोरी, सिवनी में गोंडवाना गणतंत्र पार्टी की सक्रियता बढऩे की सुगबुगाहट के बीच भाजपा ने महाकोशल अंचल की अनुसूचित जाति व अनुसूचित जन जाति की सीटों पर ज्यादा ध्यान केंद्रित किया है। पार्टी गोणवाना गणतंत्र पार्टी सहित अन्य दलों की स्थिति का आकलन कर रही है। आदिवासी बेल्ट की सीटों की इस चुनाव में पार्टी की भूमिका अहम मानी जा रही है। सूत्रों बताते हैं कि आदिवासी वोटों को साधने के लिए भाजपा के दिग्गजों ने महाकोशल क्षेत्र में सक्रिय हो गए हैं। वे जीत का अचूक फार्मूला निकालने की कवायद कर रहे हैं। राजनीतिक विशेषज्ञ मंडला में हुए आदिवासी सम्मेलन को भी इसी रणनीति का हिस्सा बता रहे हैं। इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी शिरकत की थी। उन्होंने आदिवासियों व बैगा समाज को संबोधित किया। नर्मदा सेवा यात्रा के समापन समारोह में शामिल होने भी वे अमरकं टक पहुंचे।


अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति को लुभाएं
भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के 14 जून के जबलपुर दौरे को भी इसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। सूत्र बताते हैं कि भेड़ाघाट में हुई भाजपा चुनाव प्रबंधन समिति की बैठक में भी दिग्गजों के बीच इस बात को लेकर मंथन हुआ कि आदिवासी वोटरों को हर हाल में पक्ष में किया जाए। अजा, अजजा वोटरों को सरकार की योजनाओं का ज्यादा से ज्यादा लाभ दिलाने के लिए जनप्रतिनिधियों, पार्टी पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने का संदेश दिया गया।


मुख्यमंत्री का भी रीजन पर पूरा फोकस

राजनीति के विश्लेषक पिछले साल हुई नर्मदा यात्रा के दौरान जबलपुर समेत समूचे महाकौशल जोन में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के लगातार प्रवास व मैदानी दौरों को भी चुनाव में जीत के लिए भाजपा के बनाए फार्मूले से जोडकऱ देख रहे हैं। मुख्यमंत्री राज्य स्तर के दो बड़े कार्यक्रम श्रमिक सम्मेलन व किसान सम्मेलन का हाल ही में जबलपुर में आयोजन कर चुके हैं। इनमें कहीं न कहीं भाजपा का फोकस इसी वर्ग पर था।