उन्होंने कहा कि हिंडौन में पूर्व विधायक के घर आगजनी हुई। सरकार का कोई भी प्रतिनिधि वहां नहीं पहुंचा। इस तरह की घटना सरकार के लिए कलंक है। 2 अप्रेल को भारत बंद से पहले सुरक्षा के कोई भी इंतेजाम नहीं किए गए और अब असामाजिक तत्वों द्वारा की गई हिंसा का खामियाजा निर्दोष लोग भुगत रहे हैं। सरकार निर्दोषों को जेल में डाल रही है।