
Jaipur News : हवामहल क्षेत्र विधायक बालमुकुंदाचार्य की एक सरकारी स्कूल में 27 जनवरी को कार्यक्रम के दौरान हिजाब को लेकर की गई टिप्पणी के बाद सोमवार को जयपुर के सुभाष चौक इलाके में हंगामा हो गया। सुबह करीब 10 बजे सुभाष चौक थाने के बाहर बड़ी संख्या में मुस्लिम महिलाओं और छात्राओं ने प्रदर्शन करने सुभाष चौक सर्कल पर रास्ता बंद कर दिया। महिलाओं और छात्राओं का प्रदर्शन करीब छह घंटे तक चला। बाद में पुलिस अधिकारियों ने विधायक रफीक खान व अमीन कागजी से बातचीत कर मामला शांत करवाया।
सूचना पर अतिरिक्त पुलिस आयुक्त कुंवर राष्ट्रदीप व डीसीपी राशि डोगरा डूडी मौके पर पहुंची। पुलिस ने सर्कल से आमेर और बड़ी चौपड़ की तरफ आने जाने वाले यातायात को अन्य मार्गों पर डायवर्ट किया। इससे आस-पास के मार्गों पर जाम लग गया। गौरतलब है कि दो दिन पहले स्कूल में हिंदू व मुस्लिम छात्राओं को अलग-अलग ड्रेस में देखकर विधायक बालमुकुंदाचार्य ने कहा था कि छोटी बच्चियां भी हिजाब पहने हुए हैं। इनका मुंह ढका होने से सांस लेने में तो परेशानी नहीं होती है क्या ? क्या स्कूल में अलग-अलग ड्रेस कोड हैं।
हमे दो दिन का समय दो: रफीक खान
विधायक रफीक खान और अमीन कागजी सर्कल पर पहुंचे और महिलाओं व छात्राओं को घर लौटने की अपील की। खान ने प्रदर्शन करने वालों से कहा कि तुम लोग उनको (बालमुकुंदाचार्य) बेवजह हीरो मत बनाओ...जिसे प्राथमिकता नहीं मिलनी चाहिए...उन्हें अंतरराष्ट्रीय मीडिया में जगह दे रहे हो। उन्होंने कहा कि उन्हें दो दिन का समय दें...कार्रवाई करवाएंगे। कार्रवाई नहीं होती है तो वे खुद प्रदर्शन करने वालों के साथ शामिल होंगे। तब तक शांत रहें। इसके बाद महिलाएं और छात्राएं शांत हुईं। प्रदर्शन के दौरान सर्कल के आस-पास की दुकानें बंद कर दी गईं। प्रदर्शन कर रही छात्राओं ने हाथों में नारे लिखी तख्तियां ले रखी थीं। इन पर बाबा मांगे माफी..., बाबा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए...सहित अन्य कई नारे लिखे थे।
स्कूल में सभी के लिए हों एक नियम
स्कूल में प्रिंसिपल से पूछा था कि यहां दो प्रकार की ड्रेस पहनने का प्रावधान है ? तब उन्होंने कहा कि मानते ही नहीं हैं। छोटी बच्चियां हिजाब व बुर्के में थीं। स्कूल में सभी के लिए नियम एक होने चाहिए। हमारी बच्चियां भी अलग-अलग ड्रेस पहनकर स्कूल जाएंगी। राजनीति करने वाले लोग माहौल बना रहे हैं। मदरसों में तो जाकर तो नहीं बोला कि वहां की ड्रेस बदल दो, लेकिन स्कूल का नियम है तो उसे सबको मानना चाहिए।
-बालमुकुंदाचार्य, विधायक हवामहल
विधानसभा में भी उठा मामला
स्कूलों में हिजाब को लेकर बयानबाजी का मामला सदन में विपक्षी सदस्य रफीक खान ने उठाया। उन्होंने कहा कि बच्चे हिजाब किसी से पूछकर नहीं पहनकर जाएंगे। संविधान में सभी को बराबरी का अधिकार है। इस पर सत्तापक्ष के सदस्यों ने विरोध किया। हंगामा हुआ तो अध्यक्ष ने इसे सदन की कार्यवाही से निकालने की व्यवस्था दी।
हिजाब पर बैन सही: मीना
कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीना ने हिजाब को लेकर कहा कि इस पर प्रतिबंध लगना चाहिए। उन्होंने कहा कि हिजाब पर कितने देशों मे प्रतिबंध है। यहां तक कि मुस्लिम देशों में भी हिजाब और बुर्के पर प्रतिबंध है। ऐसे में अपने देश में तो यह होना ही नहीं चाहिए। हिजाब और बुर्का तो जो आक्रमणकारी आए थे, उनकी देन है। इस पर प्रतिबंध लगना चाहिए।
Updated on:
30 Jan 2024 07:21 am
Published on:
30 Jan 2024 07:21 am
