सुपरवाइजर ने बताया नोटबुक के बारे में
प्रकाश ने नोटबुक के बारे में बताया कि भगतसिंह ने जेल में पढ़ने के दौरान कार्ल मार्क्स, जॉर्ज वॉशिंगटन, लेनिन, ज्यूरिस्ट प्रीसिडेंट्स, सोशल चेंज, फ्रीडम, समानता, नो रिलिजन पर भी लिखा था। नोटबुक से भगतसिंह एक क्रांतिकारी की बजाय सोशल एक्टिविस्ट ज्यादा नजर आते हैं। उन्होंने अकेले ‘नौजवान भारत सभाद्य का गठन किया, जिसे बाद में उन्होंने हिंदोस्तान सोशल रिपब्लिक एसोसिएशनद्य में बदल दिया। इत्तेफाक से 28 सितंबर को प्रकाश का भी जन्मदिन होता है।