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नगर निगम : नगरीय क्षेत्र में 22 वार्डों में औसत से 10-15 % कम-ज्यादा आबादी, परिसीमन से घट- बढ़ सकते हैं वार्ड

नगरीय क्षेत्र में अगले साल चुनाव प्रस्ताव हैं। वर्तमान समय में वार्डों के विभाजन और सीमा विस्तार की तैयारियां शुरू हो गई हैं। नगर निगम ने शहर की सीमा विस्तार के लिए सीमावर्ती क्षेत्र में 6 ग्राम पंचायतों को निगम में शामिल करने की कवायद दोबारा शुरू। कांग्रेस ने भी शहर के तीन वार्डों का मुद्दा उठाया है।
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खंडवा

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Rajesh Patel

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Updated: 24 Oct 2026, 12:12 PM IST

Municipal Corporation Khandwa

खंडवा : निगम आयुक्त से शहर कांग्रेस अध्यक्ष समेत अन्य शहर के वार्डों के परिसीमन को लेकर चर्चा करते हुए।

नगरीय क्षेत्र में अगले साल चुनाव प्रस्ताव हैं। वर्तमान समय में वार्डों के विभाजन और सीमा विस्तार की तैयारियां शुरू हो गई हैं। नगर निगम ने शहर की सीमा विस्तार के लिए सीमावर्ती क्षेत्र में 6 ग्राम पंचायतों को निगम में शामिल करने की कवायद दोबारा शुरू। कांग्रेस ने भी शहर के तीन वार्डों का मुद्दा उठाया है।

शासन की गाइडलाइन के तहत शुरू की प्रक्रिया

नगरीय चुनाव से पहले शहर के वार्डों के परिसीमन और नगर निगम की सीमा विस्तार की कवायद फिर शुरू हो गई है। निगम के सर्वे में 50 में से 22 वार्ड ऐसे चिह्नित किए गए हैं, जहां औसत आबादी से 15 फीसदी से अधिक जनसंख्या है। ऐसे वार्डों का परिसीमन होने पर नए वार्ड बन सकते हैं। दूसरी ओर, सीमावर्ती क्षेत्र की छह ग्राम पंचायतों को भी निगम में शामिल करने की तैयारी है। शासन की गाइडलाइन के तहत निगम ने प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी की है।

छह माह पहले सरपंचों से की थी चर्चा

नगर निगम सीमावर्ती ग्राम पंचायतों को शहर में शामिल करने के लिए छह माह पहले भी कवायद कर चुका है। उस समय पंचायतों के पंचों और सरपंचों के साथ बैठकें की गई थीं। ग्रामीणों को नगरीय क्षेत्र में मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी भी दी गई थी। एमआईसी सदस्यों ने सरपंचों के साथ संयुक्त बैठक की थी। लांकि, तब सरपंचों ने टैक्स का हवाला देकर नगरीय सीमा में शामिल होने पर सहमति नहीं जताई थी। अब ग्रामीण क्षेत्रों में भी टैक्स वसूली की प्रक्रिया शुरू होने के बाद सीमा विस्तार की चर्चा फिर तेज हो गई है। रोशनाई, सुरगांव जोशी, नहाल्दा, छोटी बोरगांव सहित छह ग्राम पंचायतों को शामिल करने की योजना है।

15 फीसदी अधिक आबादी वाले वार्ड चिह्नित

शहर के 50 वार्डों में ढाई लाख से अधिक आबादी है। वार्डों में जनसंख्या का संतुलन बनाने के लिए औसत आबादी के आधार पर परिसीमन किया जाना है। निगम के सर्वे में खानशाहवली सहित 22 वार्ड से अधिक चिह्नित किए गए हैं। इनमें औसत से 10 से 15 फीसदी से कम-ज्यादा आबादी होने की जानकारी सामने आई है। निगम आयुक्त प्रियंका सिंह राजावत के अनुसार, शासन की गाइडलाइन के तहत परिसीमन की प्रक्रिया की जाएगी। पहले एमआईसी के समक्ष प्रस्ताव रखा जाएगा। इसके बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई होगी।

कांग्रेस ने भी उठाया परिसीमन का मुद्दा

शहर कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा रघुवंशी गुरुवार को निगम आयुक्त से मिलीं। उन्होंने खानशाहवली सहित तीन वार्डों के परिसीमन पर चर्चा की। उनका कहना था कि कुछ वार्डों में आबादी कम है, जबकि कुछ में अधिक। ऐसे में वार्डों का परिसीमन जरूरी है। आयुक्त ने उन्हें परिसीमन के नियमों की जानकारी दी और इस संबंध में आवेदन देने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रस्ताव एमआईसी के समक्ष रखा जाएगा।