8 नवंबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

105 साल की केशरबाई ने टीका लगवाकर बताया, सुरक्षित है वैक्सीन

45 वालों का हुआ टीकाकरण, मिसाल बनीं केशरबाई
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

कोटा

•

image

Mukesh Gaur

•

Updated: 18 Jun 2021, 11:41 PM IST

105 साल की केशरबाई ने टीका लगवाकर बताया, सुरक्षित है वैक्सीन

105 साल की केशरबाई ने टीका लगवाकर बताया, सुरक्षित है वैक्सीन

बिजौरा. (बारां). पंचायत क्षेत्र के बून्दी गांव के राप्रावि में शुक्रवार को 45 प्लस वाले 60 से अधिक लोगों का टीकाकरण किया गया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कुल 90 लोगों की वैक्सीन लगाई। यहां टीकाकरण केन्द्र पर 105 साल की बुर्जुग महिला केशर बाई ने कोविड 19 की पहली खुराक ली। ऐसा कर केशर बाई ने उन सभी लोगों को प्रेरणा दी है जो टीकाकरण अभियान मे शामिल होने से बच रहे हैं। क्षेत्र के लोगों मे कोरोना के टीके को लेकर हिचकिचाहट है। केशरबाई ने लोगों की मानसिकता बदलने का काम किया। इसके बाद यहां पर लोगों ने उत्साह से टीका लगाया। एएनएम आरती चन्देल, सन्तोष सुमन, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुगना सुमन, सन्तोष मीणा, रामभरोसी बाई, बीएलओ जुगराज मीणा, वार्ड पंच मुकेश सुमन आदि ने सहयोग किया।

read also : झालावाड़ के रास्ते राजस्थान में मानसून की एंट्री

22276 लोगों के स्वास्थ्य की जांच
ब्लॉक क्षेत्र में जिला स्तरीय निर्देशों से घर-घर सर्वे करवा कर लोगों के स्वास्थ्य की जांच की जा रही है। सर्दी जुकाम बुखार आदि के लक्षण दिखाई देने पर मेडिकल किटों का वितरण भी किया जा रहा है। बीसीएमओ डॉ. निशांत सैनी ने बताया कि ब्लॉक क्षेत्र में चल रहे घर घर सर्वे के दौरान शुक्रवार को 226 मेडिकल टीमो द्वारा कुल 4096 घरों में 22272 व्यक्तियों के स्वास्थ्य जांच की गई। इसमें 157 व्यक्तियों को सर्दी, जुखाम, बुखार आदि लक्षण मिले। इस दौरान 193 मेडिकल किट (दवाइयां) वितरित की गई। साथ ही सर्वे कार्य के दौरान चिकित्सा कर्मियों द्वारा मधुमेह,उच्च रक्तचाप व गंभीर बीमारियों से ग्रसित व्यक्तियों की ब्लड शुगर व रक्तचाप की जांच की गई।

read also : कोटा के इस उप नगरीय स्टेशन को यात्री ट्रेनों का इंतजार
बडग़ांव : 200 टीके लगे
बडग़ांव. कस्बे में स्थित पीएचसी पर शुक्रवार को 18 प्लस वालों का टीकाकरण किया गया। डॉ. नीरज नागर ने बताया कि चेतराम गोचर, जीएनएम दीक्षा नागर, निशा मीणा, शिव गुप्ता ने सहयोग किया।