इधर, आरोपित आईपीएस सत्यवीर सिंह की ओर से भी एक प्रार्थना-पत्र अदालत में पेश किया गया। इसमें कहा कि गवाह अंसार को बयान होने तक पुलिस सुरक्षा मुहैया कराई जाए क्योंकि उनके नाम से जिस तरह से धमकाने के झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं, यदि उसके साथ कुछ अनहोनी होती है तो उन्हें ही दोषी ठहराया जाएगा।