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एक साथ 6 मोर की मौत से वन विभाग में मचा हड़कंप, अनन-फानन में करवाया पोस्टमार्टम

चंबल के किनारे अचानक मरे छह मोर। लोगों की सूचना पर मौके पर पहुंचा वन विभाग। जताया सर्दी से मौत होने का अंदेशा।
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कोटा

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ritu shrivastav

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Updated: 18 Dec 2017, 1:31 PM IST

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6 मोर की मौत

कोटा . खेड़ली फाटक क्षेत्र स्थित चांदमारी बालाजी मंदिर के पास चंबल के पास रविवार को छह मोर मृत अवस्था में मिले। लोगों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी। मोरों के मरने का कारण सर्दी बताया जा रहा है। वन विभाग के उपवन संरक्षक ललित सिंह राणावत ने बताया कि जिस तरह से मोरों की मौत हुई है उससे लगता है कि संभवतया इनकी मौत ज्यादा सर्दी के कारण हुई है। राणावत ने बताया कि उन्हें क्षेत्र में मोरों के मरने की सूचना मिली थी। इस पर विभाग की टीम मोरों को लेकर आई। अब इनका पोस्टमार्टम करवाया जाएगा।

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50-50 कदम की दूरी पर 6 मोर मृत अवस्था में पड़े थे

इससे पहले चांदमारी बालाजी मंदिर समिति के अध्यक्ष जगदीश गौतम ने बताया कि मंदिर में आने वाले श्रद्धालु सुबह पक्षियों को दाना डालने के लिए गए तो एक मोर मृत नजर आया, लेकिन बाद में किसी ने सूचना दी कि करीब 50-50 कदम की दूरी पर 6 मोर मृत अवस्था में पड़े हुए और एक घायल भी था। इसकी सूचना वन विभाग को दी गई। घायल मोर का इलाज करवाया गया, वहीं मृत मोर वन विभाग को सुपुर्द कर दिए।

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बाज घायल मिला

उम्मेदपुरा क्षेत्र स्थित एक खेत में एक बाज घायल अवस्था में मिला। कुछ लोग खेत पर गए तो उन्होंने घायल बाज को देखा। उन्होंने उसे उठाया और चिडि़याघर लेकर गए। सलाम शहनवाजी, सादिक खान व अन्य साथियों ने बताया कि यह खेत में एक तरफ बैठा हुआ था। इसके पंखों के पास गहरा घाव था। यह उड़ भी नहीं पा रहा था और सहमा हुआ था। इसे देखकर इसे उठाया और चिडि़याघर लेकर गए, लेकिन वहां ताला देखकर लौट आए। फिर पक्षी प्रेमियों की मदद से इसे दोबारा चिडि़याघर लेकर गए और वहां छोड़ दिया।