
healthy oil consumption per person per month | image credit gemini
Ek Mahine Me Kitna Tel Khana Chahiye: भारतीय किचन में तेल का इस्तेमाल काफी ज्यादा होता है। वहीं आप अक्सर लोगों को यह कहते सुन लेंगे कि खाने का स्वाद तो तेल, घी और मसालों से ही आता है। इसलिए ज्यादातर घरों में आज भी खाना बनाते वक्त तेल हिसाब से नहीं, बल्कि सीधे बोतल से कड़ाही में डाल दिया जाता है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि एक लीटर तेल असल में कितने दिन चलना चाहिए? शायद नहीं। आपको जानकर हैरानी होगी कि ज्यादा तेल इस्तेमाल करने से सेहत से जुड़े कई नुकसान होते हैं। आइए, आज के इस लेख में एक्सपर्ट से जानते हैं कि एक महीने में एक आदमी को कितना तेल खाना सही होता है और कितना नहीं।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर Nutritionist Shweta Nagar (@dt._shweta_nagar) ने एक वीडियो शेयर करके इसके बारे में जागरूक करते हुए बताया है कि एक इंसान के लिए दिन भर में सिर्फ 15 से 20 ml एक्स्ट्रा फैट यानी तेल, घी या मक्खन खाना काफी होता है। अगर आपके घर में 4 लोग हैं, तो पूरे दिन का कुल खर्च 60 से 80 ml होना चाहिए। इस हिसाब से, 4 लोगों के परिवार में महीने भर में 2 से 2.5 लीटर तेल पर्याप्त है। ऐसे में अगर आपके घर में 5 लीटर तेल का कैन एक महीने में ही खत्म हो रहा है, तो समझ जाइए कि आप जरूरत से बहुत ज्यादा तेल खा रहे हैं।
आज के समय में ज्यादातर लोग स्टाइलिश बोतलों से सीधा तेल कड़ाही में डाल देते हैं, जिससे सही अंदाज नहीं मिल पाता। इसकी जगह चम्मच (Spoon) का इस्तेमाल करें। दिन भर में सिर्फ 3 से 4 छोटे चम्मच तेल ही काफी है। जैसे 1 चम्मच नाश्ते में, 1 लंच में और 1 से 1.5 चम्मच डिनर में। आप चाहें तो एक चम्मच तेल की जगह देसी घी ले सकते हैं, क्योंकि सही क्वालिटी का फैट खाना वजन घटाने और डाइजेशन के लिए बेहतर होता है।
हर इंसान के लिए रोजाना 15ml से 20ml तेल का सेवन करना चाहिए। इस हिसाब से महीने का देखा जाए तो एक इंसान के लिए महीने भर में सिर्फ 500ml से 600ml यानी आधा लीटर तेल काफी है। इसलिए अगर आपके घर में 4 लोग हैं, तो 2 लीटर तेल की बोतल पूरे महीने चलनी चाहिए।
ध्यान दें: खाने में तेल कम करना सही है लेकिन फैट को पूरी तरह बंद न करें, क्योंकि शरीर को विटामिन A, D, E और K अवशोषित यानी सोखने के लिए इसकी जरूरत होती है।
डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल तेल से जुड़ी स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प है। लेकिन फिर भी पाठकों को सलाह दी जाती है कि यदि वे किसी बीमारी से परेशान हैं, तो इसे अपनी मर्जी से फॉलो न करें, बल्कि इस बारे में संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
Updated on:
04 May 2026 08:28 am
Published on:
04 May 2026 08:23 am
