27 अक्टूबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

अखिलेश ने टमाटर की खेती का प्रॉसेस बताया, फिर कहा- BJP ध्यान नहीं दे रही

अखिलेश यादव ने कहा, “भाजपा सरकार तो केवल चुनाव की तैयारियों में ही व्यस्त रहती है। उसे जनता की समस्याओं और किसानों से हमदर्दी कभी नहीं रही है।”
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

लखनऊ

•

image

Ritesh Singh

•

Updated: 17 Jan 2023, 9:57 AM IST

 विपक्ष के तीखे तेवर

विपक्ष के तीखे तेवर

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा, “भाजपा राज में किसान का हर तरह से शोषण हो रहा है। अन्नदाता से किए गए सारे वादे खोखले साबित हुए हैं। वोट लेने के लिए किसानों को तमाम लुभावने सपने दिखाकर भाजपा ने उन्हें अपने हाल पर भटकने के लिए खुला छोड़ दिया है। किसान इससे बुरी तरह आक्रोशित हैं।”

प्रदेश कार्यालय में आयोजित बैठक में बोले अखिलेश, गिनाई कमियां
अखिलेश यादव ने कहा, “किसानों को कर्जमाफी, बिजली में राहत, आय दोगुनी करने का भरोसा इन सब वादों को भाजपा ने भुला दिया। किसानों को उम्मीद थी कि उन्हें उनकी फसल का न्यूनतम समर्थन मूल्य यानी एमएसपी मिलेगा। किसानों को गन्ना मूल्य का बकाया भुगतान नहीं मिल रहा है। भाजपा राज में किसानों के नलकूप खराब पड़े हैं।” सपा प्रदेश कार्यालय में आज कार्यकर्ताओं के साथ कर रहे बैठक में बीजेपी सरकार की बहुत सी कमियों को लेकर चर्चा की।

केंद्रों पर भटकना पड़ता है
उन्होंने आगे कहा, “कन्नौज में किसान आलू के बाद टमाटर के गिरे भाव से परेशान हैं। ठंड में टमाटर के पौधों को बचाने के लिए बार-बार दवा के छिड़काव से फसल की लागत बढ़ गई है। बाजार में टमाटर की कीमतें किसानों को रुला रही है। चंदौली और बलरामपुर आदि जिलों में बहुत धीमी गति से धान की खरीद हो रही है। अधिकांश क्रय केंद्रों में किसानों को भटकाने की शिकायतें मिल रही है।”

यह भी पढ़ें : बुर्के में देखकर लोग उड़ाते हैं मजाक, लड़के करते कमेंट, फोटो हुई वायरल

बीजेपी सरकार में गायों की दुर्दशा: अखिलेश
अखिलेश यादव ने कहा, “भाजपा ने चुनाव से पहले जनता से छुट्टा पशुओं की समस्या खत्म करने का वादा किया था। जनता से वोट लेकर भाजपा अपने वादे से मुकर रही है। किसान ठंड में पूरी-पूरी रात खेतों में जागकर रखवाली करता है। छुट्टा पशु किसान की फसल को बर्बाद कर रहे हैं। गौशालाओं में गोमाता की और भी दुर्दशा है। बड़ी संख्या में गायों की मौतें हो गई है। सांड़ों के हमलों से लोगों की जाने जा रही हैं। कितने ही निर्दोष मारे गए हैं।”

'भाजपा सरकार अधिकारी और कर्मचारी उड़ा रहे धज्जियां'
सच तो यह है कि किसानों के हितों की तमाम कथित योजनाओं में भ्रष्टाचार चरम पर है। भाजपा सरकार के आदेशों-निर्देशों की धज्जियां खुद उनके अधीनस्थ अधिकारी, कर्मचारी उड़ा रहे हैं। छुट्टा पशुओं से जनता और किसानों को निजात कब मिलेगी? भाजपा सरकार तो केवल चुनाव की तैयारियों में ही व्यस्त रहती है। उसे जनता की समस्याओं और किसानों से हमदर्दी कभी नहीं रही है।