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Good News: निजी मेडिकल कॉलेजों में नहीं बढ़ेगी फीस, सरकार का अहम फैसला

Good News: प्रदेश सरकार ने निजी मेडिकल और डेंटल कॉलेजों के छात्रों को बड़ी राहत देते हुए शैक्षणिक सत्र 2024-25 के लिए फीस न बढ़ाने का निर्णय लिया है। इस निर्णय से विद्यार्थियों और अभिभावकों को वित्तीय बोझ से राहत मिलेगी।
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लखनऊ

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Ritesh Singh

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Updated: 15 Aug 2024, 8:53 AM IST

Private Medical Colleges

Private Medical Colleges

उत्तर प्रदेश सरकार ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए शैक्षणिक सत्र 2024-25 के लिए निजी मेडिकल और डेंटल कॉलेजों की फीस में कोई बढ़ोतरी नहीं करने का आदेश जारी किया है। इस फैसले से प्रदेश के 26 निजी मेडिकल कॉलेजों और 19 निजी डेंटल कॉलेजों में पढ़ने वाले छात्रों को सीधा लाभ होगा।

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प्रमुख सचिव स्वास्थ्य पार्थ सारथी सेन शर्मा द्वारा जारी इस शासनादेश के अनुसार, फीस निर्धारण समिति की रिपोर्ट के आधार पर यह निर्णय लिया गया है। समिति का गठन 12 जून, 2024 को किया गया था, ताकि निजी मेडिकल और डेंटल कॉलेजों के शुल्क का निर्धारण किया जा सके।

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शासनादेश में स्पष्ट किया गया है कि किसी भी संस्था द्वारा शैक्षणिक सत्र 2024-25 के लिए शुल्क निर्धारण के संबंध में आवेदन नहीं किया गया था, इसलिए पूर्व निर्धारित शुल्क को ही वर्तमान सत्र के लिए विधिमान्य रखा गया है।

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इस निर्णय के तहत एमबीबीएस पाठ्यक्रम संचालित करने वाले 26 निजी मेडिकल कॉलेजों की वार्षिक फीस ₹11 से 14 लाख के बीच निर्धारित की गई है। वहीं, नॉन एसी छात्रावास का शुल्क ₹1.50 लाख और एसी का शुल्क ₹1.75 लाख तय किया गया है। इसके अलावा, ₹3 लाख (सिक्योरिटी मनी, वापसी) और विविध शुल्क ₹85 हजार प्रति वर्ष भी देना होगा।

फीस निर्धारण समिति का गठन और सरकार का अहम निर्णय

बीडीएस पाठ्यक्रम के लिए 19 निजी डेंटल कॉलेजों की वार्षिक फीस ₹3 से 4 लाख के बीच तय की गई है। नॉन एसी हॉस्टल का शुल्क ₹85 हजार और एसी हॉस्टल का शुल्क ₹1.05 लाख वार्षिक रखा गया है।
इस निर्णय से निजी मेडिकल और डेंटल कॉलेजों में अध्ययनरत छात्रों को बड़ी राहत मिलेगी और वे बिना किसी अतिरिक्त वित्तीय बोझ के अपनी पढ़ाई जारी रख सकेंगे।