31 अक्टूबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

UP Politics: केशव मौर्य बोले- अखिलेश अभी राजनीतिक रूप से परिपक्‍व नहीं, करते हैं बचकानी हरकतें

UP Politics: डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि अखिलेश यादव अभी राजनीतिक रूप से परिपक्‍व नहीं हुए हैं। वो बचकानी हरकतें करते रहते हैं।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

लखनऊ

•

image

Anand Shukla

•

Updated: 30 May 2023, 9:27 PM IST

Keshav Maurya said Akhilesh is not yet politically mature does childish acts

डिप्टी सीएम केशव मौर्य

UP Politics: उत्तर प्रदेश में सत्तारूढ़ पार्टी बीजेपी और विपक्ष सपा के बीच जुबानी जंग जारी है। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव लगातार योगी सरकार पर हमलावर हैं। सोमवार को यूपी विधान परिषद के दो सीटों के लिए उपचुनाव में बीजेपी को उम्मीदवारों को जीत मिली। वहीं सपा को हार का सामना करना पड़ा। इसेक बाद से ही बीजेपी के नेता अखिलेश यादव पर निशाना साध रहे हैं।

इसी कड़ी मंगलवार को डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के राजनीतिक कैरियर पर सवाल खड़ा कर दिया। उन्होंने कहा किअखिलेश यादव राजनीतिक रूप से परिपक्‍व नहीं हैं। वो बचकानी हरकतें करते रहते हैं। वे राजनीति करने में अक्षम हैं। उनके पास कोई राजनीतिक दृष्टिकोण नहीं है।

यह भी पढ़ें: UP Politics News: बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी बोले- बीजेपी जैसी कार्यकर्ताओं की फौज किसी दल के पास नहीं
निकाय चुनाव में इन्ही बचकानी हरकतों से सपा को मिली हार
केशव प्रसाद ने कहा कि सपा अध्यक्ष यूथ की बात तो कर सकते हैं, लेकिन वो सिर्फ गुंडों, दंगाइयों और माफियाओं का काम कर सकते हैं। यूपी के विकास, महिलाओं, नवजवानों, गरीबों के लिए कोई भी काम नहीं कर सकते हैं। अगर उन्होंने इन सबके लिए कोई काम किया होता तो 2014 का लोकसभा और 2017 का विधानसभा चुनाव नहीं हारते। इनकी बचकानी हरकतों की वजह से नगर निकाय चुनाव में सपा का सूपड़ा साफ हुआ है। एमएलसी चुनाव में जो दलितों और पिछड़ों का अपमान करने का काम किया है, इसका खामियाजा 2024 के लोकसभा चुनाव में अखिलेश यादव को भुगतना पड़ेगा।

आचार्य के इस्तीफे और दोहरे के निधन के बाद खाली हुई सीट
बता दें कि सोमवार को लक्ष्मण आचार्य के इस्तीफे और बनवारी लाल दोहरे के निधन के बाद इन दोनों सीटों पर उपचुनाव हुआ। सिक्किम के राज्यपाल बनाए गए आचार्य का कार्यकाल जनवरी 2027 तक था जबकि बनवारी लाल का कार्यकाल जुलाई 2028 में समाप्त होना था।

ऐसे में माना जा रहा था कि सत्तारूढ़ पार्टी बीजेपी के उम्मीदवार निर्दलीय चुनाव जीत जाएंगे। क्योंकि विधानसभा में संख्या बल भाजपा के पक्ष में है। लेकिन 18 मई को सपा के उम्मीदवारों ने नामांकन के अंतिम दिन पर्चा दाखिल कर सबको चौंका दिया था। भाजपा ने पिछड़ा वर्ग से आने वाले राम जतन राजभर और अनुसूचित जाति वर्ग से ताल्लुक रखने वाले राम करण निर्मल को अपना उम्‍मीदवार बनाया था। वहीं सपा ने रामकरण निर्मल और रामजतन राजभर को मैदान में उतारा था।

यह भी पढ़ें: एमएलसी उपचुनाव में सपा की हार पर भड़की मायावती, बोली- दलितों और पिछड़ों के प्रति अखिलेश की षड्यंत्रकारी नीति नहीं बदली