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जीएसटी के तहत 177 चीजें हुई सस्ती, सिर्फ 50 चीजों पर लगेगा 28 फीसदी टैक्स

कुल 227 वस्तुओं में से 177 वस्तुओं को 18 फीसदी वाले टैक्स स्लैब में कर दिया गया है।
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नई दिल्ली

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Manish Ranjan

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Updated: 10 Nov 2017, 10:41 PM IST

GST Council

नई दिल्ली। आज गुवाहाटी में हुए जीएसटी काउंसिल के 23वें बैठक कुछ बड़े फैसले लिए गए हैं। जैसा की कयास लगाया जा रहा था, पहले के अपेक्षा 28 फीसदी वाले टैक्स स्लैब में आने वाली वस्तूओं की संख्या कम कर दिया गया हैं। कुल 227 वस्तुओं में से 177 वस्तुओं को 18 फीसदी वाले टैक्स स्लैब में कर दिया गया है। इससे आम जनता के साथ-साथ कारोबारियों को भी बड़ी राहत मिलने वाली हैं। इसके साथ ही मोदी सरकार को भी इससे बड़ी राहत मिली हैं। क्योंकि कई वस्तुओं के 28 फीसदी में होने के वजह से आम जनता और कारोबारी मोदी सरकार से खासे नाराजा थे और सरकार की आलोचना कर रहे थे।


177 वस्तुओं को 18 फीसदी टैक्स स्लैब में किया गया

इस काउंसिल के बैठक में अध्यक्ष और बिहार के डिप्टी सीएम सुशील कुमार मोदी ने कहा कि, अब तक 227 वस्तुएं ऐसी थी जिनपर 28 फीसदी की दर से जीएसटी लगता था, लेकिन इस बैठक में उनकी संख्या घटाकर 50 कर दी गई हैं। पहले इस स्लैैब में आने वाले बाकी के 177 वस्तुओं पर 18 फीसदी की दर से टैकस लगेगा। हालांकि उन्होने ये भी कहा कि, जिन सामानों पर लगने वाले टैक्स दर घटाया गया है, उनमें से अधिकतर पर 25 से 30 फीसदी की दर से टैक्स लगता था।


इन सामानों के दर होंगे सस्ते

जीएसटी काउंसिल के इस बैठक में जिन सामानों पर जीएसटी दर घटाया गया है, उनमें रोजमर्रा के प्रयोग की कई वस्तुए है। इनमें प्लास्टिक और लकड़ी के सामानों के साथ-साथ डियोडोरेंट, टूथ ब्रश, शेविंग क्रीम, कॉस्मेटिक आइटम्स और शैम्पू जैसे आइटम शामिल हैं। इसके साथ ही ग्रेनाइट मार्बल के दाम भी अब कम हो गए हैं।


पहले भी हुआ था कुछ वस्तुओं के टैक्स स्लैब में बदलाव

आपको बता दें कि, इसके पहले वित्त मंत्री अरूण जेटली ने कहा था कि पुरानी कर प्रणाली के तहत केन्द्रीय उत्पाद कर भी लागत में शामिल होता था, इसलिए लोगों को ये महसूस नहीं होता था और उत्पाद कर, वैट और दूसरे करों को जोडक़र 31 फीसदी तक कर चुकाना होता था। इसी को ध्यान में रखकर 28 फीसदी का टैक्स स्लैब बनाया गया था। जीएसटी काउंसिल ने पिछली 3-4 बैठकों में करीब 100 सामानों की कर को दूसरे टैक्स स्लैब में लाया गया था।