
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
मथुरा। मथुरा के नंदगांव मंदिर परिसर में नमाज पढ़ने के मामले के आरोपी फैजल खान को गुरुवार सुबह रिहा कर दिया गया। पिछले दिनों ही हाईकोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी थी। जिसके बाद उन्हें कारागार से रिहा कर दिया गया। जेल से बाहर आने पर फैजल खान ने कहा कि हमें जेल में बंद कैदियों से सीखना चाहिए कि मोहब्बत का कोई धर्म नहीं होता। दरअसल, गत 30 अक्टूबर को मथुरा घूमने आए फैजल खान और चांद मोहम्मद ने मंदिर परिसर में नामज अदा की थी। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने पर काफी बवाल मचा था। जिस पर पुलिस ने तहरीर के आधार पर फैजल को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
जेल से छूटने पर फैजल ने कहा कि आज 24 दिसंबर है, जो कि बहुत अच्छा दिन है। कल यानि 25 दिसंबर के दिन क्रिसमस है और इस दिन ईसा मसीह का जन्मदिन भी है। ये दिन बताता है इंसानियत और मोहब्बत के लिए खुद को कुर्बान कर देना। जेल में हर शाम एक तरफ आरती होती थी तो दूसरी तरफ नमाज पढ़ी जाती थी। जेल में रहकर मुझे यह पता लगा है कि जिन्हें हम अपराधी कहते हैं, उनसे ही हमें आकर ये चीज सीखने कि जरूरत है कि मोहब्बत का कोई धर्म नहीं होता।
हिंदुओं की आस्था को अपमानित करने का लगा आरोप
उल्लेखनीय है कि इस मामले में 1 नवंबर को बरसाना थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई थी। जिसमें याची के अलावा सह अभियुक्त चांद मोहम्मद पर भी बिना पुजारी की सहमति के जबरन नमाज पढ़ने और वीडियो सोशल मीडिया में वायरल करने के आरोप लगाए गए थे। एफआईआर में आरोप लगाया गया था कि ऐसा हिन्दुओं की आस्था को अपमानित करने और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की नीयत से किया गया है।
Published on:
24 Dec 2020 04:11 pm
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