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अमरीकी महिला ने संतान होने के बाद भी गोधरा की बच्ची को लिया गोद, केंट हेकमेन खुद रह चुकी हैं अनाथ

तीन साल बाद अनाथ बच्‍ची को लिया प्‍यार करने वाला माता-पिता लर्निंग डिसेबिलिटी से ग्रस्‍त है अनाथ बच्‍ची स्‍तुति कानूनी प्रक्रिया समाप्‍त होने के बाद वो सोमवार को चली जाएगी अमेरिका
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नई दिल्‍ली। गुजरात के गोधरा में गुरुवार को उस समय एक भावुक पल देखने को मिला जब एक अमरीकी दंपत्ति ने एक अनाथालय में पल रही एक बच्ची को गोद लिया। 3 साल के बाद अब अनाथालय में पल रही बच्‍ची को को मां की ममता और पिता के प्यार का एहसास हुआ। उस बच्ची को जन्म के इतने साल बाद आज माता-पिता मिल गए हैं।

गुजरात के गोधरा के चिल्ड्रन होम से अमेरिका के ब्रुक हेकमेन और उनकी पत्नी केंट हेकमेन ने कलेक्टर अमित अरोरा की उपस्थिति में 3 साल की मासूम स्तुति को गोद लिया। इस दौरान कई लोग भावुक हो गए।

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दरअसल, तीन साल की अनाथ बच्‍ची को गोद लेने वाली उसकी मां केट का कहना है कि बरसों पहले एक अमेरिकी दंपति ने उसे कोलकता से गोद लिया था। इसलिए अपनी संतानें होने के बाद भी उनके मन में भारतीय बच्ची को गोद लेने की इच्छा थी, जिसे आज पूरा किया है।

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लर्निंग डिसेबिलिटी से ग्रस्‍त है बच्‍ची

केंट हेकमेन और उनके पति ब्रुक हेकमने मूल रूप से केंसास यूएसए के रहने वाले हैं। उनके 4 और 6 साल के दो बेटे हैं। ऐसा कर केंट हेकमेन ने एक आदर्श प्रस्‍तुत किया है। ऐसा इसलिए कि जब स्तुति के बारे में उन्हें पता चला कि वह लर्निंग डिसेबिलिटी से ग्रस्त है तो पहले उसे देखने आए और वह उन्हें बहुत ही प्यारी लगी। दोनों ने उसे देखते ही यह तय कर लिया था कि इसे ही गोद लेंगे और इसका अच्छे से इलाज करवाएंगे।

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दिसंबर, 2017 में मिली थी बच्ची

अनाथालय के प्रबंधक का कहना है कि यह बच्ची दिसंबर, 2017 में मिली थी। इसके बाद बच्ची की जानकारी सरकारी वेबसाइट पर गोद लेने की लिए अपलोड की गई थी। मैनेजर के मुताबिक जून महीने में इसी साल अमेरिकी दंपति के जरिए बच्‍ची को गोद लिया गया। अब जब उसका पासपोर्ट और वीजा हो गया है तो अमेरिकी दंपति उसे लेने के लिए आए हैं।

बच्ची को गोद लेने वाली दंपति ने कहा कि बीमारी के बावजूद प्रशासन और यहां के बालगृह के लोग बहुत अच्छी तरह बच्ची की देखभाल कर रहे थे। स्तृति के पासपोर्ट की तमाम औपचारिकताएं पूरी हो गई हैं। सोमवार को वह हमारे साथ अमेरिका जा रही है।

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