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हिंसक होगा Kisan Andolan! खुफिया एजेंसी की रिपोर्ट में खुलासा, प्रो-लेफ्ट विंग किसानों को उकसाने में जुटी

नए कृषि कानूनों के खिलाफ जारी है Kisan Andolan खुफिया एजेंसी ने सरकार को सौंपी रिपोर्ट, हिंसक हो सकत है आंदोलन प्रो लेफ्ट विंग ने किया आंदोलन को हाईजैक, किसानों को उकसाने में जुटीं
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नई दिल्ली

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Dheeraj Sharma

•

Updated: 12 Dec 2020, 9:04 AM IST

Kisan Andolan

किसान आंदोलन को लेकर खुफिया एजेंसी ने सरकार को सौंपी रिपोर्ट

नई दिल्ली। नए कृषि कानूनों (Farm Bill ) के विरोध में दिल्ली बॉर्डर पर चल रहा किसानों प्रदर्शन (Farmer Protest) 17वें दिन भी जारी है। दो सप्ताह बीत जाने और सरकार के साथ कई दौर की बातचीत के बाद भी अब तक कोई नतीजा नहीं निकला है। वहीं किसानों ने अपनी मांगों को लेकर सर्वोच्च न्यायालय का दरवाजा भी खटखटाया है।

इन सबके के बीच खुफिया एजेंसी ने सरकार को एक रिपोर्ट भेजी है। रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। रिपोर्ट के मुताबिक अल्ट्रा-लेफ्ट नेताओं और प्रो-लेफ्ट विंग ने किसानों के आंदोलन को हाईजैक कर लिया है। ये विंग आंदोलन की आड़ में हिंसा के लिए किसानों को भड़काने में जुटी है।

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ये कहती है खुफिया रिपोर्ट
किसान आंदोलन के बीच आईबी ने सरकार को जो रिपोर्ट सौंपी है उसके मुताबिक अल्ट्रा-लेफ्ट नेताओं और प्रो-लेफ्ट विंग के चरमपंथी तत्वों ने किसानों के आंदोलन को हाईजैक कर लिया है। रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि इस बात के विश्वसनीय खुफिया इनपुट हैं कि ये तत्व किसानों को हिंसा, आगजनी और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के लिए उकसाने की योजना बना रहे हैं।

टिकरी बॉर्डर पर राजद्रोह के आरोपियों के लगे पोस्टरों के बाद खुफिया एजेंसियों ने केंद्र सरकार को रिपोर्ट भेज दी है। शरजील इमाम, उमर खालिद समेत कई आरोपियों के पोस्टर समने आने के बाद खुफिया एजेसियां भी सतर्क हो गई हैं।

आंदोलन के बहाने रिहाई की मांग
रिपोर्ट में ये बात भी कही गई है कि इस आंदोलन के बहाने कोरेगांव यलगार परिषद केस से जुड़े लोगों को रिहा करने की मांग की जा रही है। आंदोलन स्थलों पर इस मामले में जेल में बंद लोगों के समर्थन में आवाज उठाई जा रही है।

इन हस्तियों के रिहाई की मांग
जेल में बंद माओवादी नेता वरवर राव, गौतम नवलखा जैसी कई हस्तियों को रिहा करने की मांग उठी है। यही नहीं सीएए आंदोलन के दौरान देशविरोधी बयान देने वाले शरजील इमाम के पोस्टर भी लगाए जा रहे हैं।

खालिस्तानी संगठन भी जुटे
खुफिया रिपोर्ट के मुताबिक खालिस्तानी संगठन भी इस आंदोलन में अपना हित साधने में जुटे हैं। किसानों के प्रदर्शन के बीच वे पंजाब में कानून व्यवस्था की समस्या को बिगाड़ने की मुहिम पर काम कर रहे हैं।

पाकिस्तान खुफिया एजेंसी से सांठगांठ
रिपोर्ट में बड़ा खुलासा करते हुए यह भी कहा कि ऑपरेशन ब्लू स्टार में मारे गए जरनैल सिंह भिंडरावाले का भतीजा लखबीर सिंह रोड़े पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के साथ मिलकर भारत विरोधी साजिश रच रहा है।

टिकैत बोले- कार्रवाई करे एजेंसी
खुफिया रिपोर्ट को लेकर किसान नेता राकेश टिकैत ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा - हमें तो यहां पर ऐसे लोग नजर नहीं आ रहे हैं। फिर भी खुफिया एजेंसियों की निगाहें इस आंदोलन पर हैं तो वो उन्हें पकड़े वो कर क्या रही हैं।

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ये बोले- केंद्रीय मंत्री
इस मामले पर केंद्रीय कानून मंत्री की प्रतिक्रिया सामने आई है। रविशंकर प्रसाद ने कहा कि इस बात के सबूत हैं कि टुकड़े-टुकड़े गैंग किसान आंदोलन को ओवरटेक करने में लगा है। यह एक भयावह तरीका है।