
जम्मू-कश्मीर के उरी सेक्टर में भारत-पाकिस्तान के बीच जारी गोलीबारी में मुंबई के घाटकोपर इलाके के रहने वाले 23 वर्षीय जवान मुरली श्रीराम नाइक वीरगति को प्राप्त हो गए। पाकिस्तान की ओर से हुई फायरिंग का मुंहतोड़ जवाब देते हुए मुरली ने मातृभूमि के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए।
मुरली नाइक मूल रूप से आंध्र प्रदेश के रहने वाले थे, लेकिन उनके पिता श्रीराम नाइक मुंबई के घाटकोपर इलाके में काम करते थे और यही रहते थे. उन्होंने बेटे मुरली को मजदूरी कर पढ़ाया-लिखाया। मुरली ने 2022 में भारतीय सेना में भर्ती होकर अपने पिता के सपनों को साकार किया। उनकी ट्रेनिंग नासिक के देवलाली आर्मी कैंप में हुई थी। मुरली की पहले पोस्टिंग असम में और फिर पंजाब में हुई थी। हाल ही में उन्हें जम्मू-कश्मीर के उरी सेक्टर में तैनात किया गया था।
शुक्रवार तड़के करीब 3:30 बजे जब सीमारेखा पर दोनों देशों के बीच फायरिंग चल रही थी, तभी ड्यूटी निभाते हुए मुरली पाकिस्तानी गोलीबारी का शिकार हो गए और शहीद हो गए। शहादत की खबर जैसे ही मुंबई और उनके आंध्र प्रदेश स्थित पैतृक गांव पहुंची, पूरे परिवार और गांव में मातम छा गया।
घाटकोपर (पूर्व) के पंतनगर के कामराज नगर इलाके में स्थित शहीद जवान के घर में मां ज्योति नाइक का रो-रो कर बुरा हाल है, जबकि पिता की आंखों में गर्व और गम दोनों साफ झलक रहे हैं। घटना की खबर मिलते ही घाटकोपर के कामराज नगर और उनके गांव में बड़ी संख्या में लोग श्रद्धांजलि देने उमड़ पड़े। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने भी मुरली नाइक को श्रद्धांजलि अर्पित की और परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।
वहीँ, अमर शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री व शिवसेना प्रमुख एकनाथ शिंदे ने कहा, "मुझे जानकारी मिली है कि जवान मुरली नाइक वीरगति को प्राप्त हुए हैं। ये शहादत देश की सेवा के लिए है। मैं उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। मैं खुद उनके परिवार से मिलूंगा। उनके पिता शिवसैनिक है। शिवसेना और सरकार उनके साथ खड़ी है।"
Updated on:
09 May 2025 05:42 pm
Published on:
09 May 2025 05:42 pm
