
नागौर। पिता द्वारा अपनी दो विवाहित बेटियों की नृशंस हत्या करने के बाद परबतसर थाना इलाके के दिलढाणी गांव में दहशत का माहौल हो गया। जबकि एक दिन पहले सोमवार को घर में हंसी खुशी बेटी रेखा को विदा करने की तैयारियां थी। रेखा को मंगलवार को सीख देकर अपने ससुराल विदा करने का कार्यक्रम था। इसके लिए घर में दोनों बहनों ने अपनी मां के साथ मिलकर हाथों में मेहंदी रचाई। सुबह होती इससे पहले रात को ही सनकी पिता ने छोटी बेटी रेखा और बड़ी मीरा को मौत की नींद सुला दिया।
सूचना मिलने पर परबतसर थानाधिकारी विनोद कुमार पहुंचे। बाद में मकराना पुलिस उपाधीक्षक रविराज सिंह, एडिशन एसपी गणेशाराम चौधरी ने भी मौके पर पहुंचकर जानकारी जुटाई। पुलिस टीम ने सुनसान जगह से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। एडिशन एसपी गणेशाराम चौधरी ने बताया कि आरोपी से लोहे की कुल्हाड़ी बरामद कर ली। अजमेर में भर्ती पत्नी के बयान लिए गए। वारदात के एक और चश्मदीद मासूम दोहिते ने पुलिस अधिकारियों को कहा कि ‘नाना ने मारा है हम सबको’। वहीं, पीलवा थाना अधिकारी सूरजमल चौधरी ने अजमेर पहुंचकर घायल पत्नी केसर देवी के बयान लिए। दो बेटियों की मौत से गांव में हर आंख नम हो गई।
तड़के उठा बड़ा बेटा हजारी, नहीं खुला दरवाजा
बड़ा बेटा हजारी गुर्जर तड़के साढ़े चार बजे उठा तो दरवाजा बाहर से बंद था। वह दूध की गाड़ी चलाता है। आवाज लगाई पर किसी ने नहीं सुना। फिर दरवाजा जोर देकर खोला। बाहर निकला तो कमरे के सामने मां और भानजे को खून में लथपथ पाया। दोनों बहनों के शव पड़े थे। तब ग्रामीण नरेंद्र सिंह को बुलाया और नागौर पुलिस कंट्रोल रूप पर सूचना दी गई। आरोपी भागने से पहले अपने बेटों के बाहर से गेट की कुंडी लगा गया था।
शाम को ही लौटने वाली थी बड़ी बहन मीरा
रेखा गुर्जर का विवाह पास ही बड़ू गांव में किया था। उसके ससुराल जाने के लिए सोमवार को ही बड़ी बहन मीरा को परबतसर नाका की ढाणी से बुलाया था। वह शाम को घर लौटने वाली थी, लेकिन रेखा ने उसे रोक लिया। मीरा का 6 वर्षीय बेटा साथ आया था, जबकि उसकी बड़ी बेटी चिक्की दादा के पास ही रुक गई। रेखा को सोमवार को मुकलावे की सीख देनी थी।
एसपी पहुंचे, मेडिकल बोर्ड से कराया पोस्टमार्टम
नागौर पुलिस अधीक्षक राममूर्ति जोशी दोपहर बाद दिलढाणी गांव पहुंचे, जहां उन्होंने घटना स्थल का मौका मुआयना किया। पुलिस अधीक्षक ने ग्रामीणों और परिजनों से घटना की जानकारी ली। दोनों बेटियों के शवों का अस्पताल में मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराया गया।
बार-बार उठ रहा था मन्नाराम, कह रहा था मारूंगा
अजमेर चिकित्सालय में भर्ती 50 वर्षीय केसर देवी ने पुलिस को बताया कि रात को सभी साथ सोये थे। लेकिन पति मन्नाराम गुर्जर बार-बार उठ रहा था। उसे बीते कई दिनों से नींद नहीं आ रही थी। बार-बार एक ही बात कह रहा था मारूंगा। इसी सनक ने उसने अपना पूरा घर उजाड़ दिया।
सभी एक ही कमरे में सोए
आरोपी 55 वर्षीय मन्नाराम गुर्जर, पत्नी 50 वर्षीय केसर देवी, बड़ी बेटी 28 वर्षीय मीरा, छोटीबेटी 22 वर्षीय रेखा तथा दोहिता 6 वर्षीय प्रिंस एक ही कमरे में सो रहे थे। पास ही कमरे में बेटा हजारीराम व गोपाल सो रहे थे। एक बेटा भगवानराम काम की तलाश में दूसरे शहर गया था।
आरोपी के पास मिली रस्सी
आरोपी खुले खेतों में जाकर नदी नाले में छिप गया, जहां से पुलिस ने पकड़ा। उसके पास एक रस्सी तथा एक बिस्तर मिला। पुलिस सूत्रों ने बताया कि आरोपी खुद आत्महत्या की फिराक में था।
चेहरे पर किए का नहीं पछतावा, 8 रोटी खाई
गिरफ्तारी के बाद आरोपी के चेहरे पर कोई पछतावा नजर नहीं आया। वह पुलिस थाने में बैठे-बैठे हंसता रहा। उसने थाने में आठ रोटी भी खाई।
Published on:
5 Apr 2023, 5:38 PM IST
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