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लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने आगा सैयद रूहुल्लाह मेहदी का इस्तीफा किया मंजूर, श्रीनगर सीट हुई खाली

आगा रूहुल्लाह मेहदी का लोकसभा से इस्तीफा स्पीकर ओम बिरला ने मंजूर किया। श्रीनगर सीट खाली, नेशनल कॉन्फ्रेंस से बगावत के बाद बड़ा सियासी झटका।
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भारत

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Pushpankar Piyush

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Updated: 6 Nov 2026, 1:46 PM IST

Aga Ruhullah Resignation

आगा सैयद रुहुल्लाह मेहदी ने NC से तोड़ा नाता और सांसदी पद से दिया इस्तीफा (Photo-IANS)

श्रीनगर निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले आगा सैयद रूहुल्लाह मेहदी के लोकसभा सदस्यता से इस्तीफे को सदन के अध्यक्ष ओम बिरला ने औपचारिक रूप से स्वीकार कर लिया है। इसके साथ ही, श्रीनगर-बडगाम लोकसभा सीट रिक्त हो गई है।

श्रीनगर की सीट हुई खाली

लोकसभा सचिवालय ने गुरुवार को श्रीनगर संसदीय क्षेत्र से सांसद के रूप में आगा सैयद रूहुल्लाह मेहदी के इस्तीफे की औपचारिक अधिसूचना जारी की। अधिसूचना के अनुसार, लोकसभा अध्यक्ष ने 3 नवंबर से उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया है, जिसके बाद श्रीनगर लोकसभा सीट आधिकारिक तौर पर रिक्त हो गई है।

सैयद रूहुल्लाह मेहदी ने जम्मू-कश्मीर की सत्ताधारी नेशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) से बगावत करते हुए मंगलवार को पार्टी और अपनी संसदीय सीट से इस्तीफा देने की घोषणा की। 2024 के आम चुनावों में लोकसभा के लिए चुने जाने के बाद से ही आगा रूहुल्लाह मेहदी नेशनल कॉन्फ्रेंस से नाराज चल रहे थे। उनका कहना है कि पार्टी ने अपने चुनावी घोषणापत्र में मतदाताओं से किए गए वादों को पूरा नहीं किया।

बडगाम विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में नहीं लिया था चुनाव प्रचार में हिस्सा

आगा रूहुल्लाह मेहदी ने पिछले साल बडगाम विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में नेशनल कॉन्फ्रेंस के उम्मीदवार आगा सैयद महमूद के चुनाव प्रचार में हिस्सा नहीं लिया था। यह सीट तब खाली हुई थी, जब नेशनल कॉन्फ्रेंस के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने बडगाम विधानसभा सीट से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने बडगाम और गांदरबल, दोनों सीटों से जीत हासिल की थी। उमर अब्दुल्ला ने गांदरबल सीट अपने पास रखने का फैसला किया था, जिसके कारण बडगाम में उपचुनाव कराना पड़ा। इसके अलावा, मेहदी ने एनसी अध्यक्ष को लिखे एक पत्र में अनुच्छेद 370 पर पार्टी के रुख को लेकर गंभीर सवाल उठाए थे।

3 नवंबर को इस्तीफा देने के बाद बडगाम में समर्थकों की एक बड़ी भीड़ को संबोधित करते हुए मेहदी ने मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और पार्टी अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला पर जमकर निशाना साधा था। उन्होंने अपने भाषण की शुरुआत उमर अब्दुल्ला पर तंज कसते हुए की और कहा कि आज आप जिस कुर्सी पर बैठे हैं, उसमें सत्ता तो है, लेकिन सम्मान नहीं है। अगर आपको सम्मान देखना है, तो बडगाम आइए।