30 अक्टूबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Badrinath Helicopter Crash : बद्रीनाथ धाम से लौट रहा हेलीकॉप्टर क्रैश, 6 लोग थे सवार, CM धामी ने घायलों को एयरलिफ्ट करने के दिए निर्देश

उत्तराखंड के बद्रीनाथ धाम से लौट रहे हेलीकॉप्टर की बद्रीनाथ और जोशीमठ के बीच लोकेशन गायब हो गई। प्रशासन और हेलीकॉप्टर कंपनी ने सर्च एवं रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

देहरादून

•

image

kamlesh sharma

•

Updated: 30 Oct 2026, 4:27 PM IST

Badrinath Helicopter Missing

बद्रीनाथ धाम से लौट रहा हेलीकॉप्टर क्रैश: (Photo-X/@askbhupi)

Badrinath Helicopter Crash : चमोली। उत्तराखंड के चमोली जिले से बड़ी खबर सामने आ रही है। बद्रीनाथ धाम से लौट रहा एक हेलीकॉप्टर खराब मौसम के बीच क्रैश हो गया है। वहीं, खराब मौसम के बीच रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। चमोली प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, ट्रांस भारत एविएशन का हेलीकॉप्टर वीटी-एचसीएक्स बद्रीनाथ से देहरादून के लिए टेकऑफ किया था। हेलीकॉप्टर ने दोपहर 1:12 बजे बद्रीनाथ से उड़ान भरी थी।

बताया जा रहा है कि बद्रीनाथ धाम और जोशीमठ के बीच यह हेलीकॉप्टर लापता हुआ है। आखिरी बार जोशीमठ के सामने हाथीपहाड़ के पीछे टॉप पर स्थित आर्मी पोस्ट के आसपास इसका संपर्क हुआ था। उसके बाद से हेलीकॉप्टर से कोई संपर्क नहीं हो पा रहा है। मेडिकल टीम मौके पर रवाना हो गई है। हालांकि, हेलीकॉप्टर के क्रैश होने की बात भी सामने आई। जानकारी के मुताबिक, हेलीकॉप्टर में 6 लोग सवार थे। खराब मौसम के कारण रेस्क्यू में दिक्कत आ रही है। प्रशासन और आर्मी की टीमें सर्च ऑपरेशन में जुट गई हैं।

पायलट समेत छह लोग थे सवार

उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण (यूसीएडीए) की ओर से जारी प्रेस नोट के अनुसार, ट्रांस भारत एविएशन प्राइवेट लिमिटेड का हेलीकॉप्टर (कॉल साइन) बद्रीनाथ से देहरादून के सहस्रधारा के लिए रवाना हुआ था। हेलीकॉप्टर ने दोपहर करीब 1 बजकर 14 मिनट पर उड़ान भरी थी। बताया गया है कि जोशीमठ घाटी के ऊपर उड़ान के दौरान हेलीकॉप्टर का संपर्क टूट गया। इसी दौरान ट्रैकिंग सिस्टम ने भी उसकी लोकेशन दिखाना बंद कर दिया। फिलहाल हेलीकॉप्टर की स्थिति और उसकी अंतिम लोकेशन का पता नहीं चल पाया है।

एहतियाती कदम उठाते हुए ट्रांस भारत एविएशन प्राइवेट लिमिटेड के पूरे हेलीकॉप्टर बेड़े की उड़ानों पर रोक लगा दी गई है। प्राधिकरण के अनुसार, हेलीकॉप्टर में कैप्टन हिमांशु पायलट के रूप में सवार थे। उनके अलावा पांच यात्री प्रताप, अरुण, शंकर गौड़ा, सुधीर के. और एच.एस. नटराज भी हेलीकॉप्टर में मौजूद थे।

सीएम धामी ने एयरलिफ्ट करने के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर लिखा कि चाई गांव, जोशीमठ के निकट हेलीकॉप्टर के क्रैश होने की दुर्भाग्यपूर्ण सूचना प्राप्त हुई है। जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन विभाग, एसडीआरएफ द्वारा संयुक्त रूप से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। स्वयं भी पूरे घटनाक्रम की निरंतर निगरानी कर रहा हूं। गंभीर रूप से घायलों को तत्काल एयरलिफ्ट कर बेहतर उपचार के लिए हायर सेंटर पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। ईश्वर से यात्रियों के सकुशल होने की कामना करता हूं।

बता दें कि बद्रीनाथ धाम भारत के उत्तराखंड राज्य के चमोली जिले में स्थित भगवान विष्णु को समर्पित एक अत्यंत प्रसिद्ध और पवित्र हिंदू मंदिर है। यह देश के चार धामों में से एक प्रमुख तीर्थस्थल है। इसे 'भू-वैकुंठ' यानी धरती पर भगवान विष्णु का स्वर्ग भी कहा जाता है। पौराणिक मान्यता है कि यहां भगवान विष्णु ने तपस्या की थी। मौसम के प्रकोप से उनकी रक्षा करने के लिए माता लक्ष्मी ने 'बद्री' यानी बेरी के वृक्ष का रूप धारण किया था, जिसके कारण इस स्थान का नाम 'बद्रीनाथ' पड़ा।

यह स्थान भगवान विष्णु के अवतार ऋषि नर और नारायण की तपस्थली भी माना जाता है। यहां भारी बर्फबारी के कारण मंदिर साल में केवल 6 महीने, अप्रैल-मई से नवंबर तक ही श्रद्धालुओं के लिए खुलता है। सर्दियों में मूर्ति को पास के जोशीमठ लाया जाता है।