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‘राहुल गांधी को कोई गंभीरता से नहीं लेता’, CEC के इस्तीफे की मांग पर बोले बीजेपी के बिहार अध्यक्ष संजय सरावगी, JDU ने क्या कहा?

CEC ग्यानेश कुमार के इस्तीफे की राहुल गांधी की मांग पर BJP के संजय सरावगी ने हमला बोला है। JDU के राजीव रंजन ने इस मामले पर क्या कहा?
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पटना

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Rahul Yadav

•

Sep 26, 2026

Sanjay Saraogi Rajiv Ranjan On CEC Gyanesh Kumar Resignation SIR Row

CEC के इस्तीफे की मांग और SIR विवाद को लेकर राहुल गांधी के बयान पर BJP और JDU नेताओं की प्रतिक्रिया। (फोटो - एएनआई)

Sanjay Saraogi CEC Resignation Row: मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ग्यानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर बिहार में भी सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा के बिहार प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधा है। वहीं, जद(यू) नेता राजीव रंजन ने मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में दाखिल याचिका को लेकर कहा कि अदालत के निर्देश आने के बाद ही इस पर प्रतिक्रिया देना उचित होगा।

राहुल गांधी को कोई गंभीरता से नहीं लेता

संजय सरावगी ने पटना में राहुल गांधी की ओर से CEC के इस्तीफे की मांग पर कहा कि राहुल गांधी को देश के लोग गंभीरता से नहीं लेते। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को इस मामले की कुछ जानकारी भी है और विपक्ष की संवैधानिक संस्थाओं पर आरोप लगाने की एक नियति बन गई है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने एसआईआर यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन का भी बचाव किया। उन्होंने कहा कि जिन लोगों के नाम मतदाता सूची में दो बार हैं जिनकी मृत्यु हो चुकी है या जो बाहर के लोग हैं उनके नाम एसआईआर में हटेंगे ही। उन्होंने विपक्ष पर फर्जी मतदान के जरिए फायदा उठाने का आरोप भी लगाया है।

CEC के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में क्या याचिका दाखिल हुई?

दरअसल, CEC ग्यानेश कुमार के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दाखिल की गई है। इसमें एसआईआर के दौरान कथित तौर पर लिए गए कुछ फैसलों की एसआईटी से जांच कराने की मांग की गई है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि चुनाव आयोग में अन्य चुनाव आयुक्तों की सहमति के बिना कुछ फैसले लिए गए। याचिकाकर्ता ने ऐसे फैसलों को अवैध घोषित करने की भी मांग की है।

याचिका में एसआईआर के दौरान करीब 13 करोड़ मतदाताओं के नाम हटाए जाने के आरोप की जांच के लिए स्वतंत्र जांच की मांग भी की गई है। इसके अलावा मतदाता पंजीकरण के लिए इस्तेमाल होने वाले फॉर्म-6 के मूल प्रारूप को बहाल करने की मांग की गई है। हालांकि, ये याचिका में लगाए गए आरोप और मांगें हैं। चुनाव आयोग ने कहा है कि एसआईआर से जुड़े फैसले मुख्य चुनाव आयुक्त और दोनों चुनाव आयुक्तों की सहमति से लिए गए हैं।

राहुल गांधी ने CEC के इस्तीफे की मांग क्यों की?

यह विवाद उस रिपोर्ट के बाद तेज हुआ जिसमें दावा किया गया कि चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने पिछले कुछ महीनों में एसआईआर, मतदाता सूची में नाम जोड़ने-हटाने और फॉर्म-6 में बदलाव से जुड़े फैसलों पर कई बार आपत्ति दर्ज कराई थी। चुनाव आयोग ने इन दावों के बीच कहा है कि आयोग के फैसले सर्वसम्मति से लिए गए हैं।

राहुल गांधी ने 24 सितंबर को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर CEC ग्यानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की थी। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची में बदलाव को लेकर गंभीर सवाल उठाए।

JDU नेता राजीव रंजन ने क्या कहा?

वहीं, जद(यू) नेता राजीव रंजन ने CEC के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में दाखिल याचिका पर कहा कि अभी याचिका अदालत के सामने है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट की ओर से इस मामले में क्या निर्देश या फैसला आता है उसका इंतजार करना चाहिए। उनके मुताबिक, अदालत के निर्देश आने के बाद ही इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देना उचित होगा।

इस पूरे विवाद के बीच एसआईआर को लेकर विपक्ष और भाजपा के बीच आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं। एक तरफ विपक्ष चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और मतदाता सूची में बदलाव पर सवाल उठा रहा है वहीं भाजपा और उसके सहयोगी दल एसआईआर को मतदाता सूची को दुरुस्त करने की प्रक्रिया बता रहे हैं।