
नंदीग्राम से कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान (Photo ANI)
कोलकाता। पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम उपचुनाव से पहले कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को कलकत्ता हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। हाईकोर्ट ने प्रधान को नंदीग्राम और खेजुरी में दर्ज सभी छह मामलों में अंतरिम जमानत दे दी है। इन मामलों को लेकर प्रधान के वकील ने हाईकोर्ट में जमानत याचिका दाखिल की थी।
अदालत ने कहा कि प्रधान जब नामांकन दाखिल कर रहे थे, तब वे हिरासत में नहीं थे और इसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया। कोर्ट ने यह भी कहा कि राज्य सरकार ऐसा कोई ठोस सामग्री पेश नहीं कर सकी, जिससे यह साबित हो कि वर्ष 2007 के बाद किसी अन्य अपराध के सिलसिले में प्रधान वांछित थे। कोर्ट ने यह भी ध्यान दिया कि जिन घटनाओं के आधार पर मामले दर्ज किए गए थे, उनकी जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) कर चुकी है। कोर्ट ने मिलन प्रधान को एक राजनीतिक कार्यकर्ता बताया, जिसने 2007 के आंदोलन में हिस्सा लिया था और इसके बाद भी राजनीतिक गतिविधियों से जुड़े रहे। मिलन प्रधान की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता मिलन मुखर्जी ने पक्ष रखा, जबकि राज्य सरकार की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता राजदीप मजूमदार अदालत में पेश हुए।
Updated on:
29 Sept 2026 12:59 pm
Published on:
29 Sept 2026 12:17 pm
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