
Udit Raj and Sanjay Saraogi (Photo-ANI)
Jamui viral video case: पटना। बिहार के जमुई में किशोर-किशोरी के साथ छेड़छाड़ और युवती से अभद्रता का वीडियो वायरल होने के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। मामले को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी और कांग्रेस नेता उदित राज ने अलग-अलग प्रतिक्रिया दी है। जहां भाजपा ने पुलिस की कार्रवाई का हवाला देते हुए मुख्य आरोपी की जल्द गिरफ्तारी की बात कही है, वहीं विपक्षी नेताओं ने बिहार की कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार पर सवाल उठाए हैं।
बिहार भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा कि जैसे ही जमुई की घटना की जानकारी पुलिस को मिली, पुलिस ने खुद प्राथमिकी दर्ज की। उन्होंने दावा किया कि मामले में तीन आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार किया गया है और मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। सरावगी ने कहा कि मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया है। उन्होंने घटना को समाज के लिए पूरी तरह अस्वीकार्य बताते हुए कहा कि ऐसे कृत्य की जितनी निंदा की जाए, कम है। उनके मुताबिक, पुलिस ने घटना की जानकारी मिलते ही कार्रवाई शुरू कर दी थी और मुख्य आरोपी को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के सोशल मीडिया पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए सरावगी ने पिछली सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके शासनकाल में अपराधियों को संरक्षण मिलता था और कई तरह की घटनाएं होती थीं। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि पहले मुख्य आरोपी को गिरफ्तार होने दिया जाए, उसके बाद आरोप लगाने वालों के पास जवाब देने के लिए कुछ नहीं बचेगा।
कांग्रेस नेता उदित राज ने जमुई की घटना को लेकर बिहार की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने बिहार में पहले सामने आए छात्रावास से जुड़े मामलों का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसे मामलों में भी चर्चित लोगों के नाम सामने आए थे, लेकिन बाद में मामले ठंडे पड़ गए।
उदित राज ने कहा कि जमुई की घटना की तुलना पहले के गंभीर मामलों से की जाए तो यह उतनी बड़ी घटना नहीं लगती, लेकिन सवाल बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति का है। उन्होंने मुख्यमंत्री को लेकर भी टिप्पणी की और कहा कि जब किसी मुख्यमंत्री पर हत्या के मामले में आरोप हों तो राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि बिहार में सत्ता में कौन है, उसके आधार पर कानून-व्यवस्था को अलग-अलग नाम दिए जाते हैं। उन्होंने कहा कि जब सामाजिक न्याय की ताकतें सत्ता में होती हैं तो मीडिया 'जंगलराज' कहता है, जबकि दूसरी सरकार के समय इसे 'मंगलराज' बताया जाता है। उदित राज ने कहा कि बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब हुई है।
जमुई की घटना पर निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर लोगों में कानून, संविधान, सरकार, व्यवस्था और समाज का डर क्यों नहीं है। पप्पू यादव ने कहा कि किसी को यह पूछने का अधिकार नहीं है कि किशोर-किशोरी के माता-पिता को उनके बारे में जानकारी थी या नहीं। उन्होंने दावा किया कि दोनों को करीब 25 मिनट तक परेशान किया गया। सांसद ने कहा कि यह घटना समाज में बढ़ते नैतिक पतन की ओर इशारा करती है।
उन्होंने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि घटना में शामिल लोगों के राजनीतिक संबंधों को सामने नहीं लाया जा रहा है। पप्पू यादव ने कहा कि इस घटना के बाद युवा लड़कियों में डर का माहौल है और वे घर से बाहर निकलने में भी असहज महसूस कर रही हैं।
Updated on:
22 Sept 2026 10:27 am
Published on:
22 Sept 2026 10:24 am
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