
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Photo: IANS)
Maharashtra Drought 2026: महाराष्ट्र सरकार ने राज्य के 358 में से 265 तालुकों को सूखाग्रस्त घोषित कर दिया है। सरकार ने प्रभावित इलाकों के लिए राहत पैकेज का ऐलान किया है। इसी बीच राजस्व मंत्री और कैबिनेट उपसमिति के अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के सूखा प्रभावित इलाकों के दौरे और राहत उपायों की सराहना की। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों को संकट में नहीं छोड़ेगी। बावनकुले ने शनिवार को सरकार की ओर से उठाए गए कदमों की जानकारी देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री खुद प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर किसानों से सीधे बातचीत कर रहे हैं। सरकार ने सूखे की स्थिति को देखते हुए प्रशासन को राहत उपायों को तेजी से लागू करने के निर्देश दिए हैं।
सरकार के राहत पैकेज में जमीन के राजस्व में रियायत, फसल ऋण का पुनर्गठन और कृषि ऋण की वसूली स्थगित करने जैसे कदम शामिल हैं। कृषि पंपों के बिजली बिल में रियायत देने की भी घोषणा की गई है। प्रभावित परिवारों के स्कूली और कॉलेज छात्रों को परीक्षा शुल्क में राहत देने का प्रावधान भी किया गया है। इसके अलावा जरूरत वाले इलाकों में पीने के पानी के टैंकर भेजने, पशुओं के लिए चारे की व्यवस्था करने और रोजगार पैदा करने के लिए ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत काम बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। प्रभावित इलाकों में किसानों और कृषि मजदूरों के लिए खाद्यान्न की व्यवस्था भी की जाएगी।
सूखा प्रभावित इलाकों में राहत उपायों की निगरानी के लिए चंद्रशेखर बावनकुले की अध्यक्षता में कैबिनेट उपसमिति बनाई गई है। समिति हर मंगलवार बैठक कर जमीनी स्तर पर किए जा रहे कामों की समीक्षा करेगी। समिति में अलग-अलग विभागों के मंत्री शामिल हैं और इसे प्रभावित जिलों का दौरा कर स्थिति का आकलन करने की जिम्मेदारी दी गई है। जिलाधिकारियों को फसल नुकसान के पंचनामे जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन को फसल की स्थिति की तस्वीरों के साथ GPS आधारित जानकारी भी दर्ज करने को कहा गया है, ताकि नुकसान का सही आकलन किया जा सके।
बावनकुले ने कहा कि उन्होंने नागपुर और अमरावती में सभी सीमेंट सड़क निर्माण परियोजनाओं को रोकने का आदेश दिया है। उनका कहना है कि मौजूदा परिस्थितियों में सीमेंट की सड़कों के बजाय जल संरक्षण पर ध्यान देने की जरूरत है। उन्होंने स्थानीय तालाबों को मजबूत करने और पानी की बर्बादी रोकने पर जोर दिया। खास तौर पर स्विमिंग पूल और बड़े व्यावसायिक निर्माणों में पानी के अत्यधिक इस्तेमाल को नियंत्रित करने की जरूरत बताई।
Updated on:
26 Sept 2026 10:02 pm
Published on:
26 Sept 2026 10:02 pm
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