
RJD supremo Lalu Prasad Yadav Convicted in fodder scam case
चारा घोटाला के डोरंडा कोषागार से 139.35 करोड़ रुपए की अवैध निकासी मामले में ट्रायल का सामना कर रहे बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें बढ़ गई हैं। सीबीआई की स्पेशल कोर्ट ने मंगलवार को लालू यादव को इस मामले में दोषी करार दिया है। इस मामले में आरके राणा, जगदीश शर्मा, ध्रुव भागत को भी सीबीआइ कोर्ट ने दोषी पाया है। वहीं इस मामले में 24 अभियुक्त बरी कर दिए गए हैं। लालू यादव को दोषी करार दिए जाने के बाद अब हर किसी की नजर उनकी सजा पर टिकी है। राजद प्रमुख प्रसाद के सजा के बिंदु पर अब सीबीआई के विशेष न्यायाधीश एस के शशि की अदालत में 21 फरवरी को सुनवाई होगी। लालू को दोषी करार दिए जाने के बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में ले लिया गया है। वहीं उनके वकील ने कोर्ट में एक आवेदन देकर उन्हें रिम्स शिफ्ट करने का आग्रह किया है। वकील ने लालू के खराब स्वास्थ्य का हवाला देते हुए उन्हें जेल भेजने के बजाए रिम्स भेजने का आग्रह किया गया है।
चारा घोटाला के पांचवे मामले में भी लालू प्रसाद यादव को दोषी करार दे दिया गया है। डोरंडा कोषागार से निकासी मामले में राजद सुप्रीमो को सीबीआई की स्पेशल कोर्ट ने दोषी करार दिया है। इस खबर के साथ ही लालू समर्थकों में काफी निराषा है।
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इन अभियुक्तों को किया गया बरी
सीबीआई की विशेष अदालत ने डोरंडा कोषागार मामले में जिन अभियुक्तों को बरी किया है उनमें राजेन्द्र पांडे, साकेत, दिनांनाथ सहाय, रामसेवक साहू, अईनुल हक, सनाउल हक, मो एकराम, मो हुसैन, शैरो निशा, कलसमनी कश्यप, बलदेव साहू, रंजीत सिन्हा, अनिल कुमार सिन्हा (सप्लायर), निर्मला प्रसाद, कुमारी अनिता प्रसाद, रामावतार शर्मा, श्रीमती चंचला सिंह, रमाशंकर सिन्हा, बसन्त, सुलिन श्रीवास्तव, हरीश खन्ना, मधु, डॉ कामेस्वर प्रसाद प्रमुख रूप से शामिल हैं।
Updated on:
15 Feb 2022, 1:38 PM IST
Published on:
15 Feb 2022, 12:19 PM IST
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