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आपकी बातः लोकतंत्र में उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि जानने का मतदाता का अधिकार क्यों महत्त्वपूर्ण है?

अनेक पाठकों ने प्रतिक्रया व्यक्त की है। प्रस्तुत हैं चुनिंदा प्रतिक्रियाएं -

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Nitin Kumar

Jul 26, 2023

आपकी बातः लोकतंत्र में उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि जानने का मतदाता का अधिकार क्यों महत्त्वपूर्ण है?

आपकी बातः लोकतंत्र में उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि जानने का मतदाता का अधिकार क्यों महत्त्वपूर्ण है?

वस्तुओं की तरह जनप्रतिनिधि की जांच भी जरूरी

हम जब बाजार से कोई भी महत्वपूर्ण वस्तु लेते हैं तो पहले उसके विषय में सर्च करते हैं, फिर टेस्ट राइड लेते हैं, तब निर्णय करते हैं। यदि वस्तु खराब निकले तो गारंटी होती है, कंज्यूमर फोरम होता है। किंतु जन प्रतिनिधि चुनते समय हमें उम्मीदवारों की पूरी जानकारी नहीं मिल रही, इलेक्शन के बाद दर्शन नहीं देते जन प्रतिनिधि, तब वोटर कोई कार्यवाही नहीं कर पाता । वह ठगा हुआ महसूस करता है। इस लिए उम्मीदवार के विषय में वोटर को सविस्तार जानकारी होना अत्यंत आवश्यक है।

-विवेक रंजन श्रीवास्तव, भोपाल
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लोकतंत्र को सशक्त बनाने में मतदाताओं की भूमिका महत्वपूर्ण

लोकतंत्र को सशक्त बनाने में मतदाताओं की बहुत महत्वपूर्ण भूमिका होती है। निष्ठावान, समर्पित देश के विकास के लिए चिंतनशील उम्मीदवारों को चुनने के पहले मतदाताओं की पृष्ठभूमि जानना एवं समझना मतदाताओं का अधिकार है जिससे वह निर्णय ले सके कि जिसे वह अपना मत प्रदान करने जा रहा है वह लोगों को न्याय दिलाने में कितना सक्षम है? हर मतदाता उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि पर विचार कर वोटिंग करें तो निश्चित रूप से एक सशक्त लोकतंत्र का निर्माण हो सकता है।

-सतीश उपाध्याय, मनेंद्रगढ़, छत्तीसगढ़

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वोट देना बहुमूल्य अधिकार

सूचित विकल्प के आधार पर वोट देने का अधिकार, लोकतंत्र के सार का एक महत्वपूर्ण घटक है। यह अधिकार बहुमूल्य है और यह स्वतंत्रता और स्वराज के लिए एक लंबी और कठिन लड़ाई का परिणाम था, जहां नागरिक को अपने मताधिकार का प्रयोग करने का अपरिहार्य अधिकार है। इसे संविधान के अनुच्छेद 326 में व्यक्त किया गया है जो अधिनियमित करता है कि "प्रत्येक व्यक्ति जो भारत का नागरिक है और जो तय की गई तारीख पर इक्कीस वर्ष से कम आयु का नहीं है और इस संविधान या उपयुक्त विधानमंडल द्वारा बनाए गए किसी भी कानून के तहत, यदि गैर-निवास, मानसिक अस्वस्थता, अपराध या भ्रष्ट या अवैध आचरण के आधार पर अयोग्य नहीं है, ऐसे किसी भी चुनाव में मतदाता के रूप में पंजीकृत होने का हकदार होगा।

-नरपत सिंह चौहान, पाली

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मतदाता सही जानेगा और सही समझेगा तो ही सही निर्णय कर पाएगा

चुनाव के समय उम्मीदवार अपने आप को सर्वश्रेष्ठ बताने के लिए अपना दामन पाक साफ बताते हैं व दूसरे के दामन पर छींटाकशी करते हैं। चुनाव में खड़े होने वाले नेता के बारे में जनता सब कुछ जानना चाहती है और वह अधिकृत और क्रमबद्ध तथा सूचीबद्ध तथा तथ्यात्मक तरीके से हो तो मतदाता मतदान से पूर्व अपना सटीक निर्णय लेने में सक्षम होगा और यह बात देश हित में भी होगी। मतदाता से मतदान करें उसके बारे में अधिक से अधिक जानकारी प्राप्त करें और फिर अपनी अंतरात्मा से और सब विवेक से बिना किसी बहकावे में आए योग्य उम्मीदवार को चुने तो देश और जनता का भविष्य सुनहरा हो सकता है लोकतंत्र की मूल भावना भी यही है।

-डॉ. माधव सिंह, श्रीमाधोपुर, सीकर

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देश ही है प्रजातंत्र

हमारा भारत देश प्रजातंत्र है। यहां जनता ही चुनाव द्वारा उम्मीदवारों का चयन करके भेजती हैं और वो ही आगे चलकर शासन चलाते हैं। तो जनता को पूरा हक है कि वे उम्मीदवार के बारे में सारी जानकारी का पता करे क्योंकि सत्ता वो ही चलाएंगे। यदि चुनावों में खड़े होने वाले साफ सुथरी छवि वाले और कर्मठ हो तो चुनाव जीत कर जनहित में बहुत कामों की उम्मीद होती हैं। दूसरी तरफ धन की ताकत के बल पर कई बार पिछले आपराधिक मामलों को छिपाकर लोग चुनाव में खड़े हो जाते हैं और बहुत ज्यादा खर्चा करते हैं। कैसे भी हो साम, दाम, दण्ड और भेद की नीति अपनाकर चुनाव जीत जाते है जो जनहित में ठीक नही हैं। इसलिए उम्मीदवार की पृष्ठभूमि की जानकारी जरूर होनी चाहिए, जिससे मतदाता अपने विवेक से निर्णय लेकर सही उम्मीदवार का चयन करें क्योंकि भावी जनकल्याण कार्य उनके ही हाथों में है।

-निर्मला देवी वशिष्ठ, राजगढ़ अलवर

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राजनीति करना बन गया खेल

आज नेताओं ने राजनीति के खेल में अपनी मर्यादायें और नैतिकताएं खो-सी दी हैं। नेतागिरी का, बड़ी मात्रा में अपराधीकरण हो गया है। किसी भी देश दुनिया की घटना पर बिन-सिर-पैर की राजनीति करना खेल-सा बन गया है। ऐसे में यदि मतदाता उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि को जानने के प्रयास करता है तो कोई बुराई नहीं है। यदि नेताओं के चयन देख-परख के किए जाएगा तो इससे स्वस्थ लोकतंत्र बरकरार रखा जा सकेगा।

-नरेश कानूनगो, देवास, म.प्र.

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जानकारी लेना मौलिक अधिकार

लोकतंत्र में मतदाता की ही महत्वपूर्ण भूमिका होती है सत्ता में किसे बैठाना किसे हटाना मतदाता को संविधान ने मौलिक अधिकार प्रदान किए है ऐसे में मतदाता को यह जानने का पूरा अधिकार है कि चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि क्या है? आज विभिन्न दलों के नेता अपनी आपराधिक गतिविधियों को छुपा कर सत्ता पर कब्जा करने के लिए सारे दांवपेंच अपनाते है इससे छुटकारे के लिए चुनाव आयोग को सख्त कार्यवाही के लिए कानूनी अधिकार मिलने चाहिए।

-हरिप्रसाद चौरसिया, देवास, मध्यप्रदेश

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पृष्ठभूमि जानना परम आवश्यक

लोकतंत्र में चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों की आर्थिक, सामाजिक, राजनीतिक, शैक्षणिक, चारित्रिक, अपराधिक एवं पारिवारिक पृष्ठभूमि जानना लोगों के लिए परम आवश्यक है। क्योंकि नागरिक इस आधार पर अपने लिए साफ-सुथरी छवि वाला, कर्मठ, ईमानदार एवं सेवाभावी जनप्रतिनिधि चुन सकता है। सही चयन के लिए लोगों को उम्मीदवार के बारे में पूरी जानकारी का होना आवश्यक है।

-ललित महालकरी, इंदौर

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जनहित में सकारात्मक निर्णयों के लिए

हर व्यक्ति की एक मूल विचारधारा होती है जो अतीत की पृष्ठभूमि में निहित शिक्षा, संस्कारों और कार्यों से प्रेरित होती है। मानव प्रवृत्तियों का निर्माण पृष्ठभूमि से ही पूर्णतः प्रभावित होता है। नेतृत्व हेतु उम्मीदवारों का स्वभाव सकारात्मक या नकारात्मक है, दिशायुक्त है या दिशाहीन है, स्वहित में है या जनहित में है आदि आदि की जानकारी मतदाता को होना अनिवार्य है जिसके आधार पर वह उम्मीदवार को चुनता है और मतदान करता है। समाजनिर्माण और राष्ट्रनिर्माण के महत्वपूर्ण कार्य सतत रूप से चलते रहें ऐसे अपेक्षित उम्मीदवारों को चुनकर ही जनता मतदान करती है अतः उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि का संज्ञान मतदाता के लिए अति महत्वपूर्ण पहलू है।

-मुकेश भटनागर, वैशालीनगर, भिलाई

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सही प्रतिनिधि का चयन

लोकतंत्र में जनता के द्वारा चुने हुए प्रतिनिधि सरकार बनाते हैं। जनता को अपने मताधिकार के उपयोग के लिए उम्मीदवारों के बारे में जानना अतिआवश्यक है कि उनकी पृष्ठभूमि क्या है उनकी कार्य शैली कैसी है तभी वो अपने मतदान का उपयोग कर सकते है। उम्मीदवार के बारे में जानकर ही एक सही प्रतिनिधि का चयन कर सकती है जो उसकी कसौटी पर खरा उतर सके।

-दिलीप शर्मा, भोपाल

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मतदाता का बहुमूल्य अधिकार

वोट देने का अधिकार लोकतंत्र के सार का एक महत्वपूर्ण घटक है यह अधिकार बहुमूल्य है, वोट देने का अधिकार एक वैधानिक अधिकार है जहां नागरिकों को अपने मताधिकार का प्रयोग करने का अधिकार है इसलिए मतदाता को उम्मीदवार की पूरी पृष्ठभूमि के बारे में जानने का अधिकार है।

-प्रकाश चंद शर्मा, कोटा

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उम्मीदवारों में समर्पण की भावना जरूरी

मतदाताओं को उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि जानना जरूरी है क्योंकि जब तक वह उसके बारे में नहीं जानेंगे वह उचित अनुचित का निर्णय कैसे कर सकेंगे। वह उम्मीदवार इस जिम्मेदारी को सही ढंग से निभाएगा या नहीं जहाँ देश का सवाल हो उसके भविष्य का सवाल हो वहां तो हर निर्णय सोच समझ कर ही लेना उचित होता है। जो देश के लिए जनता के लिए सही साबित हो जो उसके हित के लिए सोचे। जिस उम्मीदवार की पृष्ठभूमि ही अच्छी न् हो वह अपनी जिम्मेदारी ठीक ढंग से कैसे निभाएगा। जिसके दिल में राष्ट्र के प्रति प्रेम हो समर्पण की भावना हो वही देश के भविष्य सुदृढ़ कर सकता है जो अतिआवश्यक है।

-सरिता प्रसाद, पटना

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नेतृत्व सही हाथों में जाए

लोकतंत्र में उम्मीदवार की पृष्ठभूमि जानना तो अति महत्वपूर्ण है, क्योंकि मत ही हमारी ताकत है, जिसके बलबूते कर्मठ उमीदवार को चुन सकते हैं। यह भी आकलन करना होगा कि उम्मीदवार समाज के हित में कार्य करेगा या नहीं। अशिक्षित, भ्रष्ट और चरित्रहीन उम्मीदवार यदि सत्ता में आ जाएगा तो जनता का कहां भला कर पाएगा?

-अरविन्द विजयवर्गीय, बूंदी

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जनता का, जनता के लिए, जनता द्वारा शासन ही लोकतंत्र है

लोकतंत्र में शासन का प्रतिनिधित्व जनता के चुने हुए प्रतिनिधि ही करते हैं अर्थात जनता का, जनता के लिए, जनता द्वारा शासन ही लोकतंत्र होता है। इसीलिए लोकतंत्र में उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि जानने का मतदाता का अधिकार अति महत्वपूर्ण होता है। जनता के द्वारा चुना हुआ प्रतिनिधि शिक्षित, ईमानदार होगा तो नि:संदेह वह जनता के हित में काम करेगा। जनप्रतिनिधि चुनते वक्त जनता को जागरूक रहना चाहिए और बागी-भ्रष्टाचारी जनप्रतिनिधियों को मत नहीं देना चाहिए। तभी स्वच्छ लोकतंत्र की सरकार बन सकेगी।

-आजाद पूरण सिंह राजावत, जयपुर