7 नवंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

खान सर के बचाव में उतरे पूर्व IPS अमिताभ दास, बोले- रोशन आनंद झूठ बोल रहा, प्रिंस यादव की प्राकृतिक मौत हुई है

Ex IPS Amitabh Das on Prince Yadav death: ज्ञान बिंदु कोचिंग के निदेशक रोशन आनंद के भाई प्रिंस यादव की संदिग्ध मौत मामले में पूर्व IPS अमिताभ दास ने खान सर के समर्थन में बयान दिया है। उन्होंने रोशन आनंद के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि मामला हत्या नहीं बल्कि प्राकृतिक मौत का प्रतीत होता है।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

पटना

•

image

Anand Shekhar

•

Updated: 17 Jun 2026, 7:22 PM IST

EX IPS Amitabh Das on khan sir and roshan anand

खान सर और पूर्व IPS अमिताभ दास

Ex IPS Amitabh Das Defend Khan Sir: नेपाल के विराटनगर में ज्ञान बिंदु अकादमी के डायरेक्टर रोशन आनंद के छोटे भाई प्रिंस यादव की संदिग्ध मौत के बाद आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज़ हो गया है। इस बीच बिहार के पूर्व IPS अधिकारी अमिताभ दास खुलकर खान सर (फैसल खान) के समर्थन में सामने आए हैं। उन्होंने रोशन आनंद द्वारा खान सर पर लगाए गए हत्या के आरोपों को खारिज करते हुए उन्हें झूठा बताया है। पूर्व IPS अधिकारी अमिताभ दास का दावा है कि प्रिंस यादव की मौत न तो हत्या थी और न ही कोई साजिश। बल्कि यह स्वाभाविक मौत का मामला था जिसे सोशल मीडिया और जाति-आधारित राजनीति के ज़रिए जानबूझकर सनसनीखेज बनाया जा रहा है।

रोशन आनंद झूठ बोल रहे हैं – अमिताभ दास

पूर्व IPS अधिकारी अमिताभ दास ने कहा कि ज्ञान बिंदु के डायरेक्टर रोशन आनंद सरासर झूठ बोल रहे हैं। न तो जेल में रहते हुए उन पर कोई हमला या हत्या की कोशिश हुई और न ही नेपाल में उनके भाई प्रिंस यादव की हत्या हुई थी। खान सर के खिलाफ जो नैरेटिव बनाया जा रहा है, उसका कोई कानूनी या तार्किक आधार नहीं है। अमिताभ दास ने आगे कहा कि किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले जांच एजेंसियों और चश्मदीदों की बातों को तवज्जो देनी चाहिए, न कि सोशल मीडिया पर चल रही अफवाहों को।

सुशांत सिंह राजपूत केस की तरह फैलाया जा रहा है कचरा

अमिताभ दास ने इस विवाद की तुलना अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद देश में बने माहौल से की। उन्होंने कहा कि हमारे समाज और सोशल मीडिया क्रिएटर्स की आदत बन गई है कि वे किसी भी घटना से जुड़े मुश्किल हालात में भी मौके तलाशते हैं। छह साल पहले जब सुशांत सिंह राजपूत ने डिप्रेशन की वजह से आत्महत्या की थी, तो लोगों ने उनकी गर्लफ्रेंड रिया चक्रवर्ती के खिलाफ जहर उगला था। हर कोई खुद जज बन बैठा और रिया के लिए मौत की सजा की मांग करने लगा।

अमिताभ दास ने बताया कि बाद में CBI और मुंबई पुलिस ने साफ कर दिया था कि यह वाकई आत्महत्या का मामला था। आज खान सर के साथ भी वही हो रहा है। बिना किसी सबूत के, लोग खुद जज और जूरी बन गए हैं, फैसल खान को कातिल घोषित कर दिया है और ऐसा व्यवहार कर रहे हैं जैसे उन्होंने उन्हें फांसी पर चढ़ा ही दिया हो।

CBI जांच की मांग करने वालों को बताया मूर्ख

अमिताभ दास ने प्रिंस यादव की मौत की CBI जांच की सोशल मीडिया पर हो रही मांगों का कड़ा विरोध किया और कानूनी स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा, "जो लोग इस मामले में CBI जांच की मांग कर रहे हैं, वे कानून की बारीकियों से अनजान हैं। यह घटना नेपाल के विराटनगर में हुई थी, जो एक संप्रभु विदेशी इलाका है। CBI भारत सरकार की एजेंसी है और इसका अधिकार क्षेत्र भारत की सीमाओं तक ही सीमित है। नेपाल पुलिस द्वारा संभाले जा रहे मामले में कोई भी भारतीय एजेंसी दखल नहीं दे सकती। ऐसी बेतुकी मांगें सिर्फ़ TRP पाने और जनता को भड़काने के लिए की जा रही हैं।"