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वर्क फ्रॉम होम : उद्योग विभाग में 90 फीसदी कार्य वर्क फ्रॉम होम, इस तरह हो सकती है लाखों की बचत

कोरोना लॉकडाउन घर से ई-आफिस में हो रहा काम, कार्यालय में आश्यकता पडऩे पर आ रहे कर्मचारी
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रीवा

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Rajesh Patel

•

Updated: 17 May 2020, 6:58 AM IST

Three Assistant Directors in District Headquarters rewa ,rewa dpc news

Three Assistant Directors in District Headquarters rewa ,rewa dpc news

रीवा. कोरोना प्रोटोकाल का पालन करने सरकारी कार्यालयों में कर्मचारियों की उपस्थित का शेड्यूल तय कर दिया गया है। अकेले जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र में 90 फीसदी कार्यालयीन कार्य कर्मचारी घर पर कर रहे हैं। इससे कार्यालय में बिजली, पानी, वाहन और ईंधन सहित अन्य कार्य पर खर्च कम हो गया है।

लॉकडाउन में 33 फीसदी कर्मचारियों का शेड्यूल
कोरोना लॉकडाउन के इस दौर में विभाग ने कार्यालय में 33 फीसदी कर्मचारियों का शेड्यल तय कर दिया गया है। इसके अलावा जरूरत पडऩे पर अन्य कर्मचारियों को कार्यालय बुलाया जा रहा है। बाकी स्टाफ घर पर ही काम कर रहा है। इससे खर्च में कमी आई है। कार्यालयों में यह व्यवस्था निर्धारित करने का सही मौका है। कार्यालय में वक्र्र फ्रॉम होम सिस्टम अपनाकर हर माह लाखो रुपए बचाया जा सकता है। कर्मचारियों के कार्यालय नहीं आने से बिजली, पानी के साथ ही वाहन, ईधन आदि का व्यय कम होगा।

घर से हो रहीं इन योजनाओं की मॉनीटरिंग
मुख्यमंत्री युवा उद्यमी, मुख्यमंत्री स्वरोजगार, प्रधानमंत्री सृजन रोजगार योजना सहित अन्य योजनाओं की मॉनीटरिंग अधिकांश कर्मचारी घर से कर रहे हैं। उद्यमी योजनाओं पर बैंकों की फाइनेंसियल सहित अन्य मॉनीरिंग घर में ई-आफिस के जरिए रिपोर्ट तैयार की जा रही है।

इस तरह बचाए जा सकेंगे रुपए
कार्यालय में अधिकांश कार्य ऑनलाइन किए जा रहे हैं। शासन ने भी एक साल पहले ई-आफिस के लिए कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया है। ई-मेल के जरिए कार्य शुरू कर दिया है। अधिकाशं वर्क कंप्यूटर से होने लगे हैं। ऐसे में वर्क फ्राम होम सिस्टम से कई तरह के खर्च कम हो सकते हैं। वाहन, ईधन का उपयोग कम होगा। कार्यालय में आने-जाने वाले हर कर्मचारियों के वाहनों के ईंधन की बचत होगी। इससे वाहन पर मेंटीनेंस का व्यय भी कम होगा। एक अधिकारी को वाहन पर हर माह औसत 40 से 70 लीटर, ईंधन पर खर्च दिया जाता है। कार्यालय में कागज के उपयोग कम हो जाएंगे। इसके अलाला कार्यालय के संशाधनों पर खर्च से छुटकारा मिलेगा।

अधिकांश कर्मचारी घर पर काम कर रहे
लॉकडाउन के दौरान सोशल डिस्टेसिंग का पालन किया जा रहा है। अधिकांश कर्मचारी घर पर काम कर रहे हैं। आश्यकता पडऩे पर कार्यालय बुलाया जाता है। घर पर बेहतर काम हो रहा है। कर्मचारियों को परेशानी इस बात की होती है जब कभी कार्यालय में रखे दस्तावेज से मिलान या फिर अन्य अवश्यकता पडऩे पर होती है। ज्यादातर कार्य घर पर किए जा रहे हैंं। हां यह सही है वर्क फ्रॉम होम से खर्च पर 50 फीसदी कटौती हो सकती है।
यूबी तिवारी, महाप्रबंधक, जिला व्यापार एवं उद्योग विभाग

फैक्ट फाइल
कार्यालय में कुल स्टाफ 22
महाप्रबंधक 1
मैनेजर 2
इंपेक्टर 6
क्लर्क स्टाफ 8
पियून अन्य 5