
Achar Sanhita: Satna DM suspended arms license
सतना। आचार संहिता लागू होने के साथ ही जिला दंडाधिकारी मुकेश शुक्ला ने शस्त्र लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिए हैं। ऐसे में लाइसेंसधारकों के पास मौजूद शस्त्र अवैध हो गए हैं। लिहाजा इन शस्त्रों को अपने निकटतम थाने में जमा कराना होगा। आचार संहिता लागू होने के बाद अगर किसी के पास शस्त्र पाया जाता है तो वह दंड का पात्र माना जाएगा।
कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने सभी शस्त्र धारकों से अपने शस्त्र तत्काल प्रभाव से थाने में जमा करने के निर्देश दिए हैं। जिले में मौजूदा स्थिति में कुल 8123 शस्त्र लाइसेंस धारकों के पास हैं। विधानसभा चुनाव की आचार संहिता प्रभावशील होने के बाद अब इन्हें थानों में जमा कराना होगा। हालांकि अभी तक किसी भी शस्त्रधारक द्वारा थानों में शस्त्र जमा करने की जानकारी सामने नहीं आई है।
इनको छोड़कर बाकी में आदेश लागू
केन्द्र, राज्य शासन के विभागों में कार्यरत, सेवानिवृत अधिकारी और कर्मचारी, केन्द्र और राज्य शासन के उपक्रमों के अधिकारी-कर्मचारियों के बैंक गार्डों को छोड़कर जिले समस्त शस्त्र लायसेंस धारकों पर यह आदेश प्रभावशील होगा। जमा कराए जाने वाले शस्त्रों का पृथक से रेकॉर्ड रखा जाएगा और उन्हें सुरक्षित रूप से अभिरक्षा में रखा जाएगा। जिला मजिस्टे्रट ने विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र चित्रकूट, रैगांव, सतना, नागौद, मैहर, अमरपाटन, रामपुर बाघेलान की सीमा में आने वाले शस्त्र अनुज्ञप्तिधारियों की अनुज्ञप्ति निलंबित कर दी है।
अस्त्र-शस्त्र लेकर चलना प्रतिबंधित
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला मजिस्ट्रेट ने जिले में सुरक्षा और चुनावों के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से दंड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा 144 के तहत सार्वजनिक स्थलों पर किसी भी प्रकार के अस्त्र-शस्त्र लेकर चलने या इनके सार्वजनिक प्रदर्शन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। यह जवाबदारी संबंधित क्षेत्र के थाना प्रभारी की होगी कि इस आदेश का गंभीरता से पालन सुनिश्चित करायें।
इन हथियारों को किया प्रतिबंधित
जिला मजिस्टे्रट द्वारा जारी आदेश में कहा गया कि जिले के विधानसभा क्षेत्र चित्रकूट, रैगांव, सतना, नागौद, मैहर, अमरपाटन तथा रामपुर बाघेलान की सीमा के अंतर्गत कोई भी व्यक्ति आग्नेय शस्त्र जैसे बंदूक, तमंचा, रिवॉल्वर, गोला-बारूद, धारदार हथियार जैसे भाला, बरछी, बल्लम, तलवार एवं घातक हथियार घर से बाहर लेकर नहीं चल सकेगा।
बिना अनुमति कुछ भी नहीं
विभिन्न दलों संगठनों या किसी व्यक्ति द्वारा बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति प्राप्त किए जुलूस, धरना-प्रदर्शन, रैली नहीं की जाएगी। सभी अनुविभागीय अधिकारी अपने क्षेत्र में इसके लिए अनुमति देने सक्षम अधिकारी प्राधिकृत किए गए हैं। निजी वाहनों में भी प्रतिबंधित हथियार रखे जाने की गहन जांच पुलिस अधीक्षक द्वारा कराई जाएगी। यह आदेश निर्वाचन समाप्ति तक प्रभावशील रहेगा।
Updated on:
9 Oct 2018, 12:56 PM IST
Published on:
9 Oct 2018, 12:56 PM IST
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