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मानसून की बेरुखी से बोवनी प्रभावित, MP में 55 फीसदी पर सिमटा खरीफ का रकबा

38 दिन छाए बदरा, बसरे सिर्फ 18 दिन
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सतना

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Suresh Mishra

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Updated: 1 Aug 2018, 12:58 PM IST

satna monsoon big news in hindi

satna monsoon big news in hindi

सतना। मानसून की बेरुखी से जिला लगातार दूसरे दिन भी सूखे की दहलीज पर खड़ा है। इसका अनुमान इससे लगाया जा सकता है कि मानसून सीजन के बीते 61 दिन में जिले में मात्र 18 दिन ही बारिश हुई है। इससे सतना प्रदेश के सबसे कम बारिश वाले जिलों में शामिल हो गया है। अक्षीक्षक भू-अभिलेख से प्राप्त आकड़ों के अनुसार जिले में 1 जून से 31 जुलाई तक 355 मिमी वर्षा दर्ज की गई है जो औसत सामान्य बारिश से 35 फीसदी कम है।

बीते साल इस अवधि में 489 मिमी बारिश दर्ज की गई थी, जबकि 31 जुलाई तक 539 मिमी सामान्य औसत दर्ज होनी चाहिए। जून में मानसून की लेटलतीफी व जुलाई में सामान्य से कम वर्षा होने से जिले में खरीफ की बोवनी का रकबा पिछड़ गया है। कृषि विभाग ने खरीफ 2018 में 3.37 लाख हेक्टेयर में बोवनी का लक्ष्य रखा था, लेकिन बारिश कम होने के कारण जुलाई के अंत तक मात्र 1.86 लाख हेक्टेयर में ही बोवनी हो सकी, जो तय लक्ष्य की मात्र 55 फीसदी है।

सूखे जैसे हालात
बीते साल जिले में मात्र 673 मिमी वर्षा दर्ज की गई थी। इसके बावजूद किसानों ने 3.17 लाख हेक्टेयर में खरीफ की बोवनी की थी। हालांकि बारिश कम होने के कारण खेतों में खड़ी फसल सूख गई थी और किसानों को सूखे का सामना करना पड़ा था, लेकिन इस वर्ष कम बारिश से जुलाई में ही सूखा जैसे हालात पैदा हो गए हैं। किसान खाद-बीज खरीद कर दो माह से तेज बारिश का इंतजार कर रहा है, लेकिन अभी तक इतनी बारिश नहीं हुई कि खेतों में धान की रोपाई की जा सके।

सर्वाधिक मार धान पर
मानसून की सबसे अधिक मार धान की बोवनी पर पड़ी है। कृषि विभाग ने सर्वाधिक 161 लाख हेक्टेयर में धान की बोवनी का लख्य रखा था। जिसके मुकाबले जिले में अब तक धान की 44 फीसदी बोवनी हो पाई है। जिन किसानों ने रोपा विधि से धान रोपाई के लिए रोपणी लगाई थी बारिश कम होने के कारण रोपणी ही खराब हो गए। जिन किसानों ने धान की रोपाई देरी से की थी, उन्हें धान की रोपाई के लिए तेज बारिश का इंतजार है।

फैक्ट फाइल
- 355 मिमी वर्षा अब तक
- 539 मिमी होनी चाहिए
- 184 मिमी सामान्य से कम
- 489 मिमी कुल वर्षा बीते साल
- 1039 मिमी जिले की सामान्य वर्षा
- (वर्षा के आकड़े 31 जुलाई तक )

बोवनी की स्थित
- खरीफ 2018
- 337 हजार हेक्टेयर लक्ष्य
- 186 हजार हेक्टेयर कुल बोवनी
- 151 हजार हेक्टेयर में बोवनी शेष
- 55 फीसदी लक्ष्य की पूर्ति
- 316 हजार हेक्टेयर बीते साल की बोवनी

मानसून मीटर
- कहां कितनी बारिश
- तहसील कुल वर्षा
- रघुराज नगर 412 मिमी
- मझगवां 256 मिमी
- बिरसिंहपुर 177 मिमी
- रामपुर बाघे. 298 मिमी
- नागौद 490 मिमी
- उचेहरा 374 मिमी
- मैहर 221 मिमी
- अमरपाटन 414 मिमी
- रामनगर 553 मिमी