चेक बाउंस होने पर अदालत ने एक ठेकेदार को एक साल कारावास व पांच हजार रुपए जुर्माने से दंडित किया है। नगर परिषद प्रशासन को भुगतान के एवज में ठेकेदार ने जो चेक दिया वह बाउंस हो गया, अब आरोपित ठेकेदार को अदालत ने एक साल कारावास व पांच लाख दस हजार रुपए जुर्माने से दंडित किया है। जुर्माना राशि का भुगतान नगर परिषद प्रशासन को देने के आदेश किए हैं। यह निर्णय एनआईएक्ट मामलों की विशिष्ट न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय संख्या एक ने सुनाया।