डॉ. मंजू ने मेल-फीमेल सर्जिकल वार्ड, नशा मुक्ति वार्ड, रामाश्रय वार्ड, एमसीएच भवन, लेबर रूम, और एसएनसीयू सहित अन्य वार्डों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने उपचाराधीन रोगियों से भी बातचीत कर पूछा कि उन्हें स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिल रहा है या नहीं। डॉक्टर नियमित रूप से आते हैं या नहीं, इलाज के लिए कोई राशि तो नहीं ली गई है। मरीजों से बातचीत में पता चला कि उपचार की गुणवत्ता अच्छी है और कोई राशि नहीं ली जा रही है।