
हिंसा के दौरान की तस्वीर
गोण्डा: हिंसा और तोड़फोड़ करने वाला प्रदर्शनकारियों पर गोण्डा पुलिस ने गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है । पुलिस अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कारवाई में जुटी है। सीटीवी फोटेज और वीडियों के जरिए पहचान कर हिंसा करने वालों पर कारवाई करने की बात कर रही है।
दरअसल गोण्डा जिले में नवाबगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत पुलिस कस्टडी में एक लाइनमैन युवक की मौत हो रही थी । पुलिस ने युवक का शव कल ही पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया था। तीन डॉक्टरों की पैनल ने पोस्टमार्टम किया। इस दौरान परिजन के लोग मौजूद थे और वीडियो ग्राफी भी कराई गई।
पोस्टमार्टम होने के बाद आज सुबह जब परिजनों को शव को सौंपा गया तब गुस्साए ग्रामीणों ने शव को नाबागंज-अयोध्या मार्ग पर रखकर हंगामा और प्रदर्शन किया । प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों और परिजनों का कहना था कि पुलिस आरोपी को गिरफ्तार करें और परिजन को सरकार की तरफ से कुछ मुआवाजा मिलें।
डीएम और एसपी के समझाने पर शव का अंतिम संस्कार हुआ
प्रदर्शन कर रही भीड़ उग्र हो गई। भीड़ ने पुलिस की गाड़ी, एंबुलेंस और करीब आधा दर्जन गाड़ियों की तोड़ फोड़ करके उपद्रव किया । जैसे ही यह बात जिला अधिकारी और पुलिस कप्तान को पता चली तो मौके पर पहुंचकर भीड़ को समझाया। डीएम और एसपी ने पुलिस को आश्वासन दिया कि आरोपी के खिलाफ सख्त सख्त कारवाई की जाएगी तब जा करके परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार किया ।
पुलिस अज्ञात भीड़ के खिलाफ धारा 307, 332, 353 आईपीसी व 7 सीएलए अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई में जुट गई है । पुलिस का कहना है कि भीड़ मे कर रहे उपद्रवियों को सीसीटीवी और वीडियों के माध्यम पहचान करके कारवाई की जाएगी।
पुलिस अधीक्षक ने थाना प्रभारी और एसओजी प्रभारी को संस्पेंड कर दिया
पुलिस कस्टडी में हुई युवक की मौत मामले में पुलिस अधीक्षक ने एक्शन लिया है। इस मामले में थाना नवाबगंज प्रभारी तेज प्रताप सिंह और एसओजी प्रभारी अमित यादव को सस्पेंड कर दिया है। इसके साथ ही पिता की तहरीर पर थाना प्रभारी व अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ 147 और 302 के तहत अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है। डॉक्टरों की पैनल व वीडियोग्राफी के साथ पंचनामा और पोस्टमार्टम की करवाई की गई है। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि मजिस्ट्रेट इंक्वायरी को शामिल करते हुए जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
मामला पूरा क्या है ?
दरअसल कुछ दिन पहले नवाबगंज थाना क्षेत्र में एक झोला छाप डॉक्टर की मौत हो गई थी। पुलिस को कुछ साक्ष्य मिले जिसके आधार पर लाइनमैन हरिनारायण यादव को पुलिस पूछताछ के लिए लाई थी। बताया जा रहा है कि पुलिस के पूछताछ के दौरान ही हरि नारायण यादव की तबियत खराब हो गई । जिसके बाद उन्हें जिला अस्पताल भेज दिया गया लेकिन वहां पर डॉ0 ने मृत घोषित कर दिया ।
वहीं परिजनों का कहना है कि हरि नारायण यादव की मृत्यु पुलिस के थर्ड डिग्री देने से हुई है। फिलहाल पुलिस ने थाना प्रभारी और एसओजी प्रभारी को निलंबित कर दिया है।
Updated on:
16 Sep 2022, 6:40 PM IST
Published on:
16 Sep 2022, 6:39 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.