3 नवंबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

पिस्टल के दम पर हवा में उड़ रहे डेढ़ फुटिये…मुजफ्फर गोगा व उसके साथियों का पता नहीं

www.patrika.com/rajasthan-news
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

उदयपुर

•

image

Krishna Kumar Tanwar

•

Updated: 29 Sep 2018, 7:08 PM IST

crime

पिस्टल के दम पर हवा में उड़ रहे डेढ़ फुटिये...मुजफ्फर गोगा व उसके साथियों का पता नहीं

मो.इलियास/उदयपुर.एनकाउंटर पर बनी चर्चित फिल्म शूट आउट एट लोखंडवाला में माया, भुवा, आरसी, फातिम व असलम कसाई नाम के पांच से छह दोस्तों की ऐसी गैंग दिखाई गई जो फायरिंग कर वसूलियां करते हुए मौज-शौक कर रही थी। उसी तर्ज पर उदयपुर में हिस्ट्रीशीटर इमरान कूंजड़ा व मुजफ्फर गोगा भी फायरिंग व वसूलियां कर सनसनी फैलाई। डेढ़ फुटिये इन अपराधियों ने पिस्टल के दम पर माया, राजा, पिल्लू, इमू, बड़ा व छोटा मेवाती जैसे लडक़ों की गैंग बनाते हुए कई परिवारों को बर्बाद किया। अब तो हालत ऐसे हो गए कि यह पुलिस पर भी फायर करने लगे हैं। पुलिस पर फायरिंग कर भागे आरोपी मुजफ्फर उर्फ गोगा व उसके साथी को पकडऩे के लिए पुलिस ने तीन जिलों में रातभर नाकाबंदी के साथ ही कई जगह दबिश दी लेकिन बाइक से भाग निकला। पुलिस का कहना है कि एक माह पहले भी शास्त्री सर्कल पर धरपकड़ के दौरान गोगा ने पुलिस पर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया था। पीछा करते हुए ही वह कार छोडकऱ भाग निकला। कार की तलाशी में पुलिस को अवैध शराब व मोबाइल मिला था। इसके बाद आरोपी ने उदयपुर-चित्तौडगढ़़ हाइवे पर वाना के निकट कालू खां (38) पुत्र मोहम्मद हुसैन की हत्या कर दी। हर वारदात में उसके साथ कोई न कोई गैंग का सदस्य शामिल रहा। गौरतलब है गुरुवार को गोगा व उसके साथी ने पुलिस पर फायर किया था। जवाबी कार्रवाई में इमरान उर्फ इमू को गोली लगी तो साजिद उर्फ माया दुर्घटना में नीचे गिरने से घायल हो गया। गोगा व बड़ा मेवाती भाग निकला था।-- पुलिस पहरे में इलाज इमरान के कूल्हे पर गोली लगने पर चिकित्सकों ने शुक्रवार को ऑपरेशन कर गोली निकाली, वहीं साजिद उर्फ माया के पैर में गहरी चोट होने से चिकित्सकों ने उसे भी ऑपरेशन की सलाह दी है। अभी दोनों आरोपी पुलिस पहरे में अस्पताल में इलाज करवा रहे हैं। -- पुलिस पर गाड़ी चढ़ाने का किया था प्रयास पुलिस ने बताया कि करीब एक माह पूर्व गोगा द्वारा शहर में वारदात की सूचना होने पर बंशीपान वाले के निकट नाकाबंदी की थी। पुलिस को देखते ही उसने गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया। जाप्ते ने जैसे-तैसे स्वयं को बचाया। पीछा करने पर आरोपी शास्त्रीसर्कल पर गाड़ी छोडकऱ पिल्लू के साथ भाग निकला। पुलिस ने गाड़ी की तलाशी ली तो आगे एक मोबाइल मिला तथा डिक्की में अवैध शराब पड़ी मिली। पुलिस ने इस संबंध में भूपालपुरा थाने में जानलेवा हमला व आबकारी अधिनियम में अलग से मामला दर्ज किया।

READ MORE : भूलकर भी मत गुजरिएगा इस हाइवे से... नहीं तो आप के साथ भी हो जाएगा कुछ ऐसा

पुलिस की गाड़ी में फंसी मिली गोली

फायरिंग के दूसरे दिन एफएसएल टीम मावली पहुंची। टीम प्रभारी अभयसिंह प्रतापसिंह के नेतृव में सुशीला चौधरी व अशोक कुमार ने मौका निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिसकर्मियों की गाड़ी का निरीक्षण कर उसमें फंसी गोली निकाली। पुलिस ने बताया कि मुजफ्फर उर्फ गोगा ने फरारी के दौरान पुलिस पर फायर किया था। गोली कार की विंड स्क्रीन का चीरते हुए पिछली सीट छेदकर प्लास्टिक के बोर्ड में जा घुसी। टीम ने बोर्ड से गोली निकाली। इसके अलावा घटनास्थल के आसपास खाली कारतूस मिले।