3 नवंबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

उदयपुर के इन इलाकों में पानी पर हो रही खटपट, नहीं बुझ रही लोगों की प्यास

झाड़ोल. कहने को उपखण्ड मुख्यालय पर कस्बा, लेकिन कस्बे की पानी व्यवस्था छोटे गांव से भी बदतर है।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

उदयपुर

•

image

Madhulika Singh

•

Updated: 7 May 2018, 2:51 PM IST

drinking water problem in udaipur

झाड़ोल. कहने को उपखण्ड मुख्यालय पर कस्बा, लेकिन कस्बे की पानी व्यवस्था छोटे गांव से भी बदतर है। करीब 6 हजार की जनसंख्या वाले कस्बावासियों की प्यास बुझाने को तीन-तीन कुएं हैं, मगर तीनों कुएं पानी की मात्रा पर्याप्त नहीं होने से मोहल्लों में पानी सप्लाई नहीं पहुंच पाती है। वहीं दूसरी ओर मानसीवाकल पेयजल योजना में निर्मित टंकी में समय पर नहीं भर पाने से लोगों को राहत नहीं मिल पा रही हैं। इधर, प्रशासन की ओर से दावा किया जा रह है कि झाड़ोल कस्बे में पानी की समस्या ना के बराबर है।


पाइप लाइन में लिकेज
क्षेत्र के 22 गांवों की प्यास बुझाने वाली मानसीवाकल पेयजल योजना में गोराणा से झाड़ोल के बीच पाइप लाइन जगह-जगह लिकेज होने से उपखण्ड मुख्यालय पर स्थित देव डूंगरी बावजी मन्दिर एवं पुलिस थाना झाड़ोल के पीछे बनी टंकी में पानी नहीं पहुंच पा रहा है। जिससे 22 गांवों में पेयजल की समस्या से ग्रामीण परेशान होते है। टंकी में पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं पहुंचने से कस्बे में पानी की सप्लाई नहीं हो पा रही है।

READ MORE:उदयपुर में यहां भयंकर पेयजल संकट, कहीं दो माह से जलापूर्ति बंद तो कहीं चार दिन के अन्तराल से मिल रहा पानी


कुओं में पानी की कमी
कस्बे की प्यास बुझाने वाले तीनों कुओं में पानी कम होने से झाड़ोल कस्बे के मोहल्लों मे पानी की सप्लाई बराबर नहीं हो पाती है। हवेली के पीछे स्थित कूप, लिलावास नदी किनारे स्थित कूप व श्मशान घाट किनारे स्थित कुएं में पानी कम पड़ गया है। बरसात व सर्दी के मौसम में इन कुपों में पानी की मात्रा नदी किनारे स्थित होने से पर्याप्त रहती है। लेकिन गर्मी के दिनों में ये कुएं सुख जाते है जिससे पानी की आवक नहीं हो पाती है।


नलों पर लगते बूस्टर
लोगों की ओर से पानी खींचने के लिए घरों में बूस्टर लगा कर पानी खींचने का प्रयास किया जा रहा है। जिससे ऊपरी इलाकों के मकानों में नलों में पर्याप्त पानी नहीं पहुंच पाता है।


नहीं पंहुच रहा पानी
कस्बे में ठेकेदार की ओर से नई पाइप लाइन बिछाने के बावजूद भी समय पर पानी की सप्लाई नहीं हो पा रही है। कई मोहल्लों में कस्बेवासी अपने घरों में टैंकरों से पानी मगवाने पर मजबूर है।


इधर, अडिन्दा में पानी का इंतजार

बांठरड़ाखुर्द. निकटवर्ती अडिन्दा ग्राम पंचायत के ब्राह्मणों का फला में 100 घरों की आबादी एक हैण्डपम्प पर निर्भर है। बस्ती में चार हेण्डपम्प लगे हुए हैं, मगर उसमें से तीन खराब पड़े हैं। ग्रामीणों ने बताया कि बस्ती में एक पनघट है, जिसमें भी पर्याप्त पानी नहीं होने से करीब दो वर्ष से बंद पड़ा है। गोपाललाल औदिच्य ने बताया कि कई बार पंचायत व जनप्रतिनिधि को अवगत करवाया, लेकिन पनघट ठीक नहीं हुई।

यहां कम है पानी
सरकारी क्वाटर क्षेत्र, पटेलवाड़ा, कुम्हारवाड़ा, पनघट मार्ग, पूजा कॉलोनी, नई कॉलोनी, कोट चौराहा, सती चौराहा, पोस्ट ऑफिस मार्ग, अम्बिका रोड, मुख्य बाजार, सदर बाजार, हेडगेवार मार्ग समेत कई मोहल्लों में पानी नहीं पहुंच रहा है।