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उदयपुर. खेलगांव में सलीम दुर्रानी स्पोर्ट्स स्कूल तैयार… एक छत के नीचे खेलेंगे, पढ़ेंगे और रहेंगे

उदयपुर के खेलगांव में सलीम दुर्रानी स्पोर्ट्स स्कूल का निर्माण अंतिम चरण में पहुंच गया है। भवन में फिलहाल पेंटिंग और फिटिंग का काम चल रहा है। करीब 5999 वर्गमीटर क्षेत्र में 13.84 करोड़ रुपए की स्वीकृति से बने परिसर में खिलाड़ियों को प्रशिक्षण, पढ़ाई और आवास की सुविधा मिलेगी। फिलहाल बालिकाओं के लिए वैकल्पिक गर्ल्स हॉस्टल संचालित होगा। नया बालिका हॉस्टल बनने के बाद इसे वहां स्थानांतरित किया जाएगा। परियोजना पर अब तक 8.76 करोड़ रुपए खर्च हो चुके हैं।
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khel gaav udaipur

खेलगांव में तैयार हॉस्टल भवन 

उदयपुर. शहर के खिलाड़ियों के लिए तैयार हो रहा सलीम दुर्रानी स्पोर्ट्स स्कूल अब अंतिम चरण में पहुंच गया है। भवन का अधिकांश निर्माण पूरा हो चुका है और फिलहाल पेंटिंग व फिटिंग का काम चल रहा है। यह परिसर शुरू होने के बाद बच्चों के लिए सिर्फ खेल अभ्यास का केंद्र नहीं रहेगा, बल्कि यहां उन्हें खेलने, पढ़ने और रहने की सुविधा भी मिल सकेगी। खेल प्रतिभाओं को प्रशिक्षण के साथ रहने की सुविधा एक ही परिसर में मिलने से बाहर से आने वाले बच्चों के लिए भी यह व्यवस्था उपयोगी होगी।स्पोर्ट्स स्कूल के तहत तैयार हो रहे स्पोर्ट्स हॉस्टल में फिलहाल बालिकाओं के रहने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जाएगी। इसके तहत गर्ल्स हॉस्टल संचालित किया जाएगा। बालिकाएं यहां रहकर पढ़ाई के साथ खेल प्रशिक्षण जारी रख सकेंगी। भविष्य में जब नया बालिका हॉस्टल तैयार हो जाएगा तो गर्ल्स हॉस्टल को वहां स्थानांतरित किया जाएगा।

स्पोर्ट्स स्कूल का निर्माण करीब 5999 वर्ग मीटर क्षेत्र में किया जा रहा है। परियोजना के लिए 13.84 करोड़ रुपए की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की गई थी। राजस्थान राज्य सड़क विकास एवं निर्माण निगम लिमिटेड की उदयपुर इकाई के माध्यम से निर्माण किया गया है। परियोजना पर अब तक करीब 8.76 करोड़ रुपए खर्च हो चुके हैं। अब 30 नवंबर तक इसका काम पूरा करने का लक्ष्य है।--

खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने में मिलेगी मददस्पोर्ट्स स्कूल शुरू होने के बाद स्थानीय और आसपास के क्षेत्रों की खेल प्रतिभाओं को नियमित प्रशिक्षण का अवसर मिलेगा। हॉस्टल सुविधा होने से दूर-दराज से आने वाले बच्चे भी यहां रहकर अभ्यास कर सकेंगे। इससे खिलाड़ियों को बार-बार आने-जाने की परेशानी कम होगी और वे खेल के साथ अपनी पढ़ाई भी जारी रख सकेंगे। खासकर बालिका खिलाड़ियों के लिए आवासीय सुविधा मिलने से उन्हें खेल से जुड़े अवसरों का लाभ उठाने में मदद मिल सकेगी।

---स्पोर्ट्स स्कूल शुरू होने से खिलाड़ियों को प्रशिक्षण के साथ रहने और पढ़ाई की सुविधा भी मिल सकेगी। बालिका खिलाड़ियों के लिए फिलहाल वैकल्पिक रूप से गर्ल्स हॉस्टल संचालित किया जाएगा। नया बालिका हॉस्टल तैयार होने के बाद उसे वहां स्थानांतरित कर दिया जाएगा। इससे खिलाड़ियों को नियमित अभ्यास के लिए बेहतर वातावरण मिलेगा और पढ़ाई के साथ खेल को जारी रखने में सुविधा होगी।

डॉ. महेश पालीवाल, जिला खेल अधिकारी