28 अक्टूबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

पापी पेट ने तोड़ दी मजहब की दीवार, मुस्लिम युवक पहुंचा मां अन्नपूर्णा के दरबार, फिर हुई पुलिस की एंट्री, जानें इनसाइड स्टोरी

Annapurna Temple In Varanasi: वाराणसी के अन्नपूर्णा मंदिर में मुफ्त भोजन की आस में पहुंचे मुस्लिम युवक को सुरक्षाकर्मियों ने चाकू के साथ रोक लिया। युवक ने बताया कि गरीबी और भूख के चलते वह मुगलसराय से पैदल यहां आया था।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

वाराणसी

•

image

Vijendra Mishra

•

Updated: 13 Sep 2026, 9:20 AM IST

Varanasi latest news

एसीपी अतुल अनजान त्रिपाठी, (Pc-IANS)

Young man reached Annapurna temple with knife: काशी विश्वनाथ मंदिर के पास शनिवार सुबह चाकू लेकर घूम रहे एक युवक को सुरक्षाकर्मियों ने संदिग्ध मानकर पकड़ लिया। अन्नपूर्णा मंदिर के पास हुई इस कार्रवाई से कुछ देर के लिए सुरक्षा व्यवस्था में हलचल मच गई। सूचना पर पुलिस पहुंची और युवक को दशाश्वमेध थाने ले जाकर पूछताछ शुरू की गई। युवक की पहचान शाहिद जमाल निवासी सातपोखरी, मुगलसराय, चंदौली के रूप में हुई। उसके पास से सब्जी काटने वाला चाकू मिला था। मंदिर क्षेत्र की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और युवक के बारे में विस्तृत जानकारी जुटाई।

पैदल पहुंचा था वाराणसी

जानकारी के मुताबिक, चंदौली जिले के मुगलसराय थाना अंतर्गत सतपोखरी का रहने वाला 28 वर्षीय शाहिद जमाल उर्फ सत्थूर रहमान एक मजदूर और गरीब इंसान है। यहां तक कि वह काम के सिलसिले में मुगलसराय से 13 किलोमीटर की पैदल यात्रा करके शनिवार सुबह वाराणसी के बुला नाला इलाके में पहुंचा था। उसके पास एक चाकू था, जिससे वह काम मिलने पर होटल और ढाबों में सब्जियां कटता था। शनिवार को दिन में 11 बजे तक उसे कोई काम नहीं मिला। इसके बाद वह भूख से व्याकुल हो गया। चुकि वह जानता था कि अन्नपूर्णा मंदिर में नि:शुल्क भोजन कराया जाता है। इसलिए वह पैदल ही विश्वनाथ धाम की तरफ चल पड़ा।

विश्वनाथ धाम पहुंचते ही वह मां अन्नपूर्णा के दरबार में पहुंचा। वहां गेट पर तलाशी के दौरान उसकी जेब से चाकू बरामद हुआ। मामले की जानकारी होते ही एटीएस, इंटेलिजेंस ब्यूरो और अन्य सुरक्षा एजेंसियां चौकन्नी हो गई और युवक को हिरासत में ले लिया। हालांकि, देर रात तक सीसीटीवी और अन्य माध्यमों से उसके बारे में जानकारी कराई गई, लेकिन किसी भी प्रकार से उसकी गतिविधि संदिग्ध प्रतीत नहीं हुई। एसीपी दशाश्वमेध अतुल अंजान त्रिपाठी ने बताया कि युवक के पता बताए जाने के बाद पुलिस की एक टीम उसके घर भी पहुंची थी, लेकिन वहां भी कुछ संदिग्ध नहीं मिला।

पिता करते हैं मजदूरी

उन्होंने बताया कि युवक गरीब है और वह वाराणसी में काम के सिलसिले में आया था। जब काम नहीं मिला तो भूख से व्याकुल होकर वह अन्नपूर्णा मंदिर के अन्य क्षेत्र पहुंचा था। इसी दौरान उसके पास से चाकू बराबर हुआ। एसीपी के मुताबिक, दशाश्वमेध पुलिस ने युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। उन्होंने बताया कि उसके पिता बुनकारी और मजदूरी करते हैं और इसी से उसके परिवार का जीवन यापन होता है। वह मजदूरी की तलाश में ही वाराणसी आया हुआ था और सबसे बड़ी बात यह है कि वह पैदल ही वाराणसी आया था। उसके पास किराए के लिए भी पैसे नहीं थे। उन्होंने बताया है कि पकड़े गए युवक का कोई आपराधिक इतिहास भी सामने नहीं आया है। हालांकि देर रात तक वह पुलिस हिरासत में चौक थाने पर ही बैठा रहा।