1 अक्टूबर 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

IRGC ने मार गिराए 6 आतंकी, ईरान में बम धमाके की कर रहे थे साजिश

IRGC Against Terrorists: ईरान में बम धमाके की साजिश कर रहे आतंकियों का प्लान कामयाब होने से पहले ही आईआरजीसी उन्हें मार गिराया।
2 min read
Google source verification

भारत

•

image

Tanay Mishra

•

Oct 01, 2026

IRGC Soldiers

आईआरजीसी सैनिक (Photo - ANI)

ईरान (Iran) में एक आतंकी हमले की साजिश को आईआरजीसी - इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC - Islamic Revolutionary Guard Corps) ने नाकाम कर दिया है। स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार आईआरजीसी ने ईरान में 6 आतंकियों को मार गिराया है। इन आतंकियों को ज़ाहेदान (Zahedan) शहर में आज सुबह मार गिराया गया, जो सिस्तान और बलूचिस्तान (Sistan and Baluchestan) प्रांत की राजधानी भी है!

आतंकी कर रहे थे बम धमाके की साजिश

इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स से जुड़े सूत्रों ने बताया कि आतंकी देश में बम धमाके की साजिश कर रहे थे! हालांकि इन आतंकियों की साजिश को आईआरजीसी ने नाकाम करते हुए इन्हें मार गिराया! आतंकियों के पास से कई विस्फोटक डिवाइस बरामद किए गए हैं जिससे इनके आतंकी प्लान की पुष्टि होती है! सेना और आतंकियों के बीच जमकर गोलीबारी हुई, जिसमें आतंकी मारे गए! आपकी जानकारी के लिए बता दें कि बुधवार को ज़ाहेदान में जम्हूरी स्ट्रीट के पास पुलिस स्टेशन नंबर 19 के पास भी एक धमाका हुआ था! यह धमाका एक साउंड डिवाइस की वजह से हुआ था!

सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत में नहीं है स्थिरता

ईरान के सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत में स्थिरता नहीं है! इसकी सबसे बड़ी वजह है इसका पाकिस्तान (Pakistan) और अफगानिस्तान (Afghanistan) की बॉर्डर से लगा होना और प्रांत में उग्रवादियों का होना! सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत लंबे समय से सुरक्षा चुनौतियों का सामना कर रहा है। बलूच सुन्नी समूह खास तौर पर जैश अल-अदल (जो अब पीपुल्स फाइटर्स फ्रंट का हिस्सा है), ईरानी सरकार के खिलाफ सक्रिय हैं। ये समूह अपने लोगों के प्रति भेदभाव और आर्थिक उपेक्षा को खत्म करने और धार्मिक अधिकार देने की मांग करते हैं। ईरानी सरकार इन्हें आतंकी मानती है! पिछले कुछ महीनों से सिस्तान और बलूचिस्तान के कुछ क्षेत्रों जिनमें ज़ाहेदान भी शामिल है, में सुरक्षाबलों और उग्रवादियों के बीच झड़पें जारी हैं। इन झड़पों में दोनों पक्षों के लोग मारे गए हैं। आज एक बार फिर इस तरह का मामला सामने आया है! ईरान इन समूहों के लोगों की गतिविधियों को विदेशी ताकतों से जुड़े आतंकी हमले बताता है। हालांकि अमेरिका और इज़रायल से इनके कनेक्शन की कभी पुष्टि नहीं हुई है!