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AI से ‘ज़िंदा’ हुआ आतंकी मसूद अजहर? घटती भर्ती से परेशान जैश ने अपनाया डीपफेक का हथकंडा

terror recruitment: ऑपरेशन सिंदूर में भारी नुकसान के बाद जैश-ए-मोहम्मद घटती भर्ती बढ़ाने के लिए मसूद अजहर के AI डीपफेक ऑडियो-वीडियो बना रहा है। जानें खुफिया एजेंसियों का आकलन।
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भारत

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Anand Prakash Yadav

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Updated: 31 Oct 2026, 3:58 PM IST

Masood Azhar health

आतंकी मसूद अजहर

पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (JeM) ने अपने घटते कैडर (सदस्यों) की संख्या को फिर से बढ़ाने के लिए अब परंपरागत तरीकों को छोड़कर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल शुरू कर दिया है। 'ऑपरेशन सिंदूर' में भारी नुकसान झेलने के बाद, संगठन अपने चीफ मसूद अजहर के फर्जी ऑडियो और वीडियो क्लिप तैयार कर रहा है।

खुफिया एजेंसियों के आकलन के अनुसार, इस्लामिक स्टेट और अल-कायदा उन शुरुआती आतंकी संगठनों में से हैं जिन्होंने अपने कामकाज में AI को अपनाया है। इनमें से इस्लामिक स्टेट ने इस तकनीक का सबसे तेजी से इस्तेमाल किया।
जैश के बाद अब आतंकी संगठन अल-कायदा भी अब इस दिशा में आगे बढ़ रहा है, जबकि पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा (LeT) और जैश-ए-मोहम्मद (JeM) जैसे संगठन अब तक मुख्य रूप से संचार और लोगों को जोड़ने के पारंपरिक तरीकों पर ही निर्भर रहे हैं।

ऑपरेशन सिंदूर के बाद बदला तरीका

भारतीय खुफिया एजेंसियों ने खुलासा किया है कि, जैश अब AI से बने ऑडियो और वीडियो का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहा है। अधिकारियों का मानना ​​है कि पिछले साल 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद जब संगठन के शीर्ष नेतृत्व ने सार्वजनिक रूप से सामने आना बंद कर दिया, तो उन्हें इस कदम की जरूरत महसूस हुई।

इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के एक अधिकारी ने बताया कि 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद जैश में नई भर्तियों के सामने बड़ी रुकावटें आई हैं। पहलगाम हमले का बदला लेने के लिए भारतीय सेना द्वारा चलाए गए इस ऑपरेशन के बाद से संगठन को कई उतार-चढ़ाव देखने पड़े हैं। इस हमले में कई निर्दोष पर्यटक मारे गए थे। इस ऑपरेशन के दौरान बहावलपुर में जैश-ए-मोहम्मद का मुख्यालय नष्ट कर दिया गया था। साथ ही, संगठन के कई सदस्य मारे गए, जिनमें प्रमुख मसूद अजहर के करीबी रिश्तेदार भी शामिल थे।

मसूद अजहर गायब, भर्तियां ठप

आतंकी मसूद अजहर के सार्वजनिक रूप से न दिखने के कारण संगठन की भर्ती प्रक्रिया लगभग ठप हो गई। लोगों ने यह सवाल उठाना शुरू कर दिया था कि आखिर मसूद अजहर कहां है। ऐसे में वे ऐसे संगठन से जुड़ने को तैयार नहीं थे, जिसके नेता के बारे में माना जा रहा था कि वह अब सक्रिय नहीं है।

जैश अब AI की मदद से ऑडियो और वीडियो क्लिप तैयार कर रहा है। इन क्लिप्स के जरिए यह संदेश देने की कोशिश की जा रही है कि मसूद अजहर फिर से काम पर लौट आया है और पूरी तरह सक्रिय है। इन क्लिप्स में मसूद अजहर पूरी तरह सक्रिय और जोश में नज़र आ रहा है, जो लोगों को संगठन में शामिल होने और भारत के खिलाफ जिहाद छेड़ने के लिए उकसा रहा है।