
Women trafficking
दुनिया में कई कई देशों में चाइल्ड बर्थ रेट (बच्चे पैदा करने की दर) में काफी कमी देखने को मिल रही है। महंगाई की वजह से युवाओं का शादी से दूर भागना इसकी मुख्य वजह है। कई देशों में यह एक बड़ी समस्या है, जिनमें चीन (China) भी शामिल है। लंबे समय तक जनसंख्या के मामले में चीन सबसे आगे था, लेकिन अब इस मामले में चीन पिछड़ गया है और भारत उससे आगे निकल गया है। चीन में विवाह दर और बच्चे पैदा करने की दर में आई कमी चिंतनीय है। 2024 में चीन में सिर्फ 61 लाख विवाह रजिस्टर्ड हुए, जबकि 2023 में यह संख्या 77 लाख थी। वहीं 2024 में चीन में 95.4 लाख बच्चों का जन्म हुआ। चीन में लिंग अनुपात भी बढ़ रहा है, जिससे पुरुषों के लिए विवाह योग्य महिलाओं की कमी हो रही है। इस वजह से अब एक नई समस्या पैदा हो गई है।
चीन में महंगाई, करियर पर फोकस जैसी बातों के चलते कई महिलाएं विवाह और बच्चे पैदा करने को प्राथमिकता नहीं दे रही हैं। इस वजह से देश के कई इलाकों में पुरुषों के लिए विवाह योग्य महिलाओं की कमी देखने को मिल रही है, जिससे बच्चों की जन्म दर में भी कमी देखने को मिल रही है। ऐसे में कई इलाकों में चीन के पुरुष विवाह के लिए और बच्चे पैदा करने के लिए महिलाओं को खरीद रहे हैं।
चीन में लोग महिलाओं की तस्करी के लिए 2 से 11 लाख तक खर्च कर रहे हैं। महिलाओं की तस्करी में म्यांमार, वियतनाम और दक्षिण-पूर्व एशिया के अन्य देशों की कई गरीब महिलाएं शिकार बन रही हैं।
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चीन में तस्करी करके महिलाओं को लाना और अवैध तरीके से विवाह करने के मामलों को कम करने के लिए सार्वजनिक सुरक्षा मंत्रालय कार्रवाई कर रही है। हालांकि अवैध विवाह एजेंसियों और बिचौलियों पर इसका कोई खास असर नहीं हो रहा है और अभी भी चीन में इस तरह के मामले देखने को मिल रहे हैं।
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Updated on:
21 May 2025 04:03 pm
Published on:
21 Mar 2025 12:11 pm
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