अमेरिका-यूक्रेन से बातचीत के लिए रूस ने उतारी बड़ी टीम, पुतिन के करीबी मेदिंस्की और सैन्य खुफिया प्रमुख भी होंगे शामिल
यूक्रेन युद्ध खत्म करने के लिए अगले सप्ताह अबू धाबी में रूस, अमेरिका और यूक्रेन के बीच त्रिपक्षीय बातचीत होगी। पुतिन के करीबी व्लादिमीर मेदिंस्की और सैन्य खुफिया प्रमुख इगोर कोस्त्युकोव रूस के प्रतिनिधिमंडल में शामिल होंगे।
यूक्रेन युद्ध को खत्म करने के लिए होने वाली आगामी त्रिपक्षीय बातचीत से पहले रूस ने अपने प्रतिनिधिमंडल में बड़े अधिकारियों को शामिल किया है।
इस बार राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के करीबी सहयोगी व्लादिमीर मेदिंस्की के साथ रूस की सैन्य खुफिया एजेंसी के प्रमुख इगोर कोस्त्युकोव भी बातचीत की मेज पर मौजूद रहेंगे।
इससे साफ है कि रूस इस बैठक को केवल कूटनीतिक बातचीत तक सीमित नहीं रखना चाहता, बल्कि इसमें सैन्य और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा की तैयारी है।
अगले सप्ताह होगी बैठक
क्रेमलिन ने शनिवार को पुष्टि की कि अगले सप्ताह अमेरिका, रूस और यूक्रेन के बीच होने वाली बातचीत में कई वरिष्ठ राजनयिक और सैन्य अधिकारी हिस्सा लेंगे। यह बैठक यूक्रेन युद्ध के समाधान की दिशा में एक और अहम कोशिश मानी जा रही है।
कौन-कौन होगा रूस के प्रतिनिधिमंडल में शामिल?
रूस की सरकारी समाचार एजेंसी इंटरफैक्स के मुताबिक, क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने प्रतिनिधिमंडल में शामिल अधिकारियों की जानकारी दी।
इसमें राष्ट्रपति पुतिन के सहयोगी व्लादिमीर मेदिंस्की को शामिल किया गया है। उनके अलावा रूस के उप विदेश मंत्री सर्गेई रयाबकोव और मिखाइल गालुजिन भी बातचीत का हिस्सा होंगे।
सबसे अहम नाम इगोर कोस्त्युकोव का है, जो रूस की सैन्य खुफिया एजेंसी के प्रमुख हैं। उनके साथ जनरल स्टाफ के वरिष्ठ अधिकारी यूरी झिगारलोव्स्की भी प्रतिनिधिमंडल में शामिल होंगे।
दिमित्री पेसकोव ने बताया कि इन अधिकारियों के अलावा कई अन्य वरिष्ठ राजनयिक और सैन्य अधिकारी भी बातचीत में हिस्सा लेंगे। हालांकि, प्रतिनिधिमंडल के सभी सदस्यों की पूरी जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
अबू धाबी में हो सकती है त्रिपक्षीय बातचीत
रूस, अमेरिका और यूक्रेन के बीच प्रस्तावित यह बातचीत अबू धाबी में होने वाली है। बैठक का मुख्य उद्देश्य यूक्रेन युद्ध को खत्म करने के लिए संभावित रास्तों पर चर्चा करना है।
इस बैठक में तीनों देशों के प्रतिनिधियों के सामने युद्ध से जुड़े कई अहम सवाल होंगे। इनमें सुरक्षा व्यवस्था, सैन्य गतिविधियां और भविष्य में शांति बनाए रखने की संभावनाएं प्रमुख हो सकती हैं।
रूस की ओर से राजनयिकों के साथ सैन्य अधिकारियों को भी शामिल करना इस बात का संकेत है कि बातचीत में सुरक्षा और सैन्य रणनीति से जुड़े विषयों को भी महत्व दिया जा सकता है।
मॉस्को में सुरक्षा परिषद की बैठक में भी दिखे अधिकारी
आगामी बातचीत से पहले 6 नवंबर 2026 को मॉस्को में रूस की सुरक्षा परिषद के सदस्यों के साथ एक बैठक हुई थी। इसमें व्लादिमीर मेदिंस्की, मिखाइल गालुजिन और इगोर कोस्त्युकोव भी मौजूद थे।
इन अधिकारियों की मौजूदगी बताती है कि रूस की तरफ से आगामी बातचीत की तैयारियां उच्च स्तर पर की जा रही हैं। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि अबू धाबी में होने वाली बैठक से किसी ठोस समझौते का रास्ता निकलेगा या नहीं।