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सरिस्का एलिवेटेड रोड: 2200 करोड़ का नया प्लान तैयार, जयपुर का सफर 45 मिनट घटेगा

अलवर से जयपुर का सफर करने वालों और वन्यजीव प्रेमियों के लिए बड़ी राहत की खबर है। सरिस्का एलिवेटेड रोड का नया प्रोजेक्ट तैयार हो चुका है। नटनी का बारा से मंडावरा तक 22 किमी लंबे इस रोड पर करीब ₹2200 करोड़ खर्च होंगे। केंद्र सरकार को इसकी डीपीआर भेज दी गई है।
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sariska elevated road

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सरिस्का एलिवेटेड रोड एक बार फिर फाइलों से बाहर आया है। इस बार नटनी का बारा से मंडावरा तक 22 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड रोड बनाने का प्रस्ताव बनाया गया है। करीब 2200 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाली इस परियोजना के लिए पीडब्ल्यूडी एनएच ने डीपीआर केंद्र सरकार को भेज दी है। प्रस्तावित एलिवेटेड रोड के नीचे से वन्यजीवों के गुजरने की व्यवस्था होगी, जबकि रोड के बीच में आने वाले आठ गांवों की जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा।

सेंट्रल एम्पावर्ड कमेटी के भ्रमण के दौरान सामने आया था कि सरिस्का के मध्य से गुजर रहे राष्ट्रीय राजमार्ग 248ए पर आए दिन वाहनों की चपेट में वन्यजीव आ रहे हैं। इसका रास्ता एलिवेटेड रोड निकाला गया। करीब चार साल से इस पर मंथन चल रहा है। दो बार इस एलिवेटेड का रूट तय हो चुका है। एक बार पीडब्ल्यूडी एनएच ने प्रदेश स्तर पर डीपीआर तैयार की, लेकिन उसे रिजेक्ट कर दिया गया। दूसरे प्रस्ताव में यह सामने आया कि थानागाजी के थैंक्यू बोर्ड के आगे यह रोड उतारा जाएगा, जिसका विरोध काफी दिन तक चला और उसके बाद नया प्रस्ताव बनाया गया।

यह रहेगा मार्ग, किसानों को मिली राहत

अब एलिवेटेड रोड नटनी का बारा से शुरू होकर धर्मपुरा, कुशालगढ़ से मंडावरा तक पहुंचेगा। यह मार्ग आगे जाकर जयपुर मार्ग पर मिलेगा। इसके बीच आठ गांव आएंगे। इन गांवों की जमीन अधिग्रहण की जाएगी। साथ ही, वन विभाग से भी जमीन ली जाएगी। इस मार्ग पर थैंक्यू बोर्ड नहीं आएगा, जिससे विरोध करने वाले किसानों को राहत मिलेगी।

26 किमी दूरी हो जाएगी कम

नटनी का बारा से मंडावर की दूरी करीब 48 किमी है। आठ गांवों की जमीन व फॉरेस्ट लैंड से एलिवेटेड गुजरेगा, तो दूरी करीब 26 किमी कम हो जाएगी और जयपुर की राह आसान होगी। करीब 45 मिनट समय बच सकेगा।

वन्यजीव नीचे से निकल सकेंगे

एलिवेटेड रोड पिलर पर खड़ा होगा, जिसके नीचे से वन्यजीव आसान से निकल सकेंगे। पिलर की ऊंचाई इतनी होगी कि वाहनों का शोर भी अधिक दूर तक नहीं जाएगा।

आठ गांवों की जमीन अधिग्रहण करेंगे

भू प्रबंधन कार्यालय से रिटायर्ड नायब तहसीलदार बनवारी सिंह ने बताया कि उनकी कंसल्टेंट कंपनी ने सर्वे किया है। एलिवेटेड रोड नटनी का बारा से मंडावर तक जाएगा। इस बीच आठ गांवों की जमीन अधिग्रहित होगी और कुछ वन विभाग की जमीन भी ली जाएगी। इस पर तेजी से काम कर रहे हैं।

एलिवेटेड रोड का प्रस्ताव बनाकर केंद्र सरकार को भेज दिया है। इस पर करीब 2200 करोड़ रुपए खर्च होंगे। वहां से मंजूरी के बाद इस पर आगे काम होगा - वेद प्रकाश शर्मा, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी एनएच जयपुर