
बरेली. कोरोना संक्रमण (Corona) के बाद लगे लॉकडाउन (Lockdown) के समय से बहुत सारे लोग वीडियो (Video) बनाकर यूट्यूब (Youtube) पर अपलोड कर रहे हैं और लाखों रुपए कमा रहे हैं। कुछ ऐसा ही शौक बरेली (Bareilly) के दो लड़कों को चढ़ा जिसने दोनों को जेल पहुंचा दिया। यूट्यूब (Youtube) पर ज्यादा लाइक और व्यूज के लिए दो दोस्त वर्दी खरीदकर पुलिसकर्मी बन गए। पुलिसिया रौब दिखाकर दोनों युवक गाड़ियों की चेकिंग कर प्रैंक वीडियो (Prank Videos) बना रहे थे। संदिग्ध हरकत देख किसी ने पुलिस (Police) को सूचना दे दी, मौके पर पहुंची असली पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार (Arrest) कर जेल (Jail) भेज दिया।
पुलिसिया रौब पड़ा महंगा
शहर के सद्भावना कॉलोनी लाल फाटक के रहने वाले अशोक कुमार और शिवम यादव गौटिया झील इलाके के रहने वाले हैं। कैंट इलाके के मदारी पुलिया के पास शिवम ने हेड कॉन्स्टेबल और अशोक ने कॉन्स्टेबल की वर्दी पहनकर मास्क की चेकिंग शुरू कर दी। लोगों पर रौब झाड़ने लगे, किसी ने शक होने पर महज दो सौ मीटर दूर स्थित कैंट थाने पर मामले की सूचना दे दी।
प्रैंक वीडियो शूट कर रहे थे दोनों युवक
कैंट थाना पुलिस सूचना के बाद फौरन हरकत में आई और मौके पर दारोगा विक्रांत आर्य पहुंचे। असली पुलिस को देख शिवम यादव और अशोक की हालत खराब हो गई। पुलिस ने दोनों के पास से एसएलआर कैमरा भी बरामद किया। पूछताछ में दोनों ने बताया कि दोनों के द्वारा यू-ट्यूब चैनल के लिए प्रैंक वीडियो शूट किया जा रहा था। शिवम यादव यू-ट्यूब चैनल संचालित करता है।
यू-ट्यूब चैनल से पैसा कमाना चाहते थे युवक
जानकारी के मुताबिक शिवम यादव बीए तृतीय वर्ष का छात्र है और उसके पिता एयरफोर्स में कर्मचारी हैं। तो अशोक कुमार भी ग्रेजुएट है और उसके पिता किसान हैं। दोनों ने 2020 में काउंटडाउन ब्वायज नाम से यू-ट्यूब चैनल शुरू किया। वे अबतक सात प्रैंक वीडियोज अपने चैनल पर डाल चुके हैं। चैनल के अबतक 164 सब्सक्राइबर हैं। बताया कि चार हजार घंटे पूरा करने पर यू-ट्यूब भुगतना करता है।
गिरफ्तार कर दोनों को भेजा जेल
कैंट थाना प्रभारी राजीव कुमार सिंह ने बताया कि दोनों आरोपितों को चेकिंग करते हुए पकड़ा गया। पूछताछ में प्रैंक वीडियो बनाए जाने की बात कही है। दारोगा की ओर से दोनों के खिलाफ धोखाधड़ी और अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर दोनों जेल भेज दिया गया है।
Published on:
30 Aug 2021, 11:48 AM IST
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